29 साल बाद अलकतरा घोटाले में बड़ा फैसला, 4 दोषियों को 3-3 साल की सजा


रांची : बहुचर्चित 29 साल पुराने अलकतरा घोटाला मामले में विशेष सीबीआई अदालत ने बड़ा फैसला सुनाते हुए चार आरोपियों को दोषी करार दिया है। अदालत ने ट्रांसपोर्टर विनय कुमार सिन्हा, आशीष मैटे, राजकुमार राय और रंजन प्रधान को तीन-तीन साल की सजा सुनाई है और उन पर आर्थिक दंड भी लगाया है।

इस मामले में कुल नौ आरोपी ट्रायल का सामना कर रहे थे, जिनमें से सुनवाई के दौरान दो की मौत हो गई, जबकि तीन अन्य—एके दास, एसएम औरंगजेब और एनसी प्रसाद—को सबूतों के अभाव में बरी कर दिया गया। सीबीआई की ओर से अदालत में 35 गवाह पेश किए गए, जिनके आधार पर भ्रष्टाचार और फर्जीवाड़े की पुष्टि हुई।
जांच में सामने आया कि हल्दिया से बरही तक अलकतरा सप्लाई के नाम पर कागजों में हेरफेर कर सरकारी राशि का गबन किया गया। फर्जी बिल और अधूरी आपूर्ति दिखाकर करोड़ों रुपये की हेराफेरी की गई थी। यह मामला सामने आने के बाद हाईकोर्ट के निर्देश पर सीबीआई ने जांच शुरू की थी, जिसके बाद अब लंबे इंतजार के बाद फैसला आया है।


