ईमानदारी दिखाने पर दबंगों ने युवक पर किया जघन्य हमला, पुलिस कार्रवाई पर सवाल


हापुड़ : देहात थाना क्षेत्र में लीलू नाम के एक युवक को सिर्फ इसलिए बेरहमी से पिटा गया कि उसने रास्ते में मिला सरसों का बोरा असली मालिक तक लौटाने की नेक कोशिश की थी। 1 अप्रैल की शाम लीलू खेत से घर लौट रहा था, तभी उसे रास्ते में सरसों से भरा कट्टा मिला। उसने इसे पास की दुकान पर रखवा दिया ताकि मालिक उसे ले ले, लेकिन जब उसने बोरा गांव के ही ज्ञानेन्द्र को वापस देने पहुंचा, तो उसके साथ गालियों और लाठी‑डंडों से मारपीट की गई। आरोप है कि ज्ञानेन्द्र, जस्सी, उदय और उनके साथियों ने लीलू को घर के अंदर खींचकर उसकी हड्डियां तक तोड़ दीं और पिस्टल तानकर जान से मारने की धमकी भी दी। अभी उसकी हालत गंभीर है और परिवार लगातार न्याय की मांग कर रहा है.

चार दिन बीतने के बावजूद देहात थाना पुलिस ने कोई ठोस कार्रवाई नहीं की है, जिससे परिवार पुलिस पर मिलीभगत का आरोप लगा रहा है। चोटों के साथ परेशान लीलू का परिवार अब पुलिस थाना के बाहर प्रदर्शन कर रहा है और मुख्यमंत्री, मानवाधिकार आयोग एवं पुलिस प्रमुख तक अपनी शिकायत भेज चुका है।


