7.7 लाख बैरल तेल लेकर भारत पहुंचा रूसी टैंकर, युद्ध के बीच सप्लाई पर बड़ा असर


नई दिल्ली : 7.7 लाख बैरल कच्चा तेल लेकर रूसी टैंकर ‘एक्वा टाइटन’ 21 मार्च की रात न्यू मैंगलोर बंदरगाह पहुंच गया। यह जहाज पहले चीन जा रहा था, लेकिन बीच रास्ते से भारत की ओर मोड़ दिया गया। मरीन ट्रैकिंग के अनुसार, यह जहाज लक्षद्वीप सागर से होते हुए तय समय पर बंदरगाह पहुंचा।

सरकार के अनुसार, मध्य पूर्व में जारी युद्ध के कारण तेल आपूर्ति बुरी तरह प्रभावित हुई है। स्ट्रेट ऑफ होर्मुज के पास 22 भारतीय झंडे वाले कार्गो जहाज अब भी फंसे हुए हैं, जबकि दुनिया भर के करीब 700 जहाज पिछले कई दिनों से इस क्षेत्र में रुके हैं। हालांकि इन जहाजों पर सवार सभी 611 भारतीय नाविक सुरक्षित बताए गए हैं और अब तक 513 से ज्यादा नाविकों की सुरक्षित वापसी कराई जा चुकी है।
इस संकट की वजह से अंतरराष्ट्रीय बाजार में करीब 20% कच्चे तेल की सप्लाई प्रभावित हुई है और कीमतें ऊंचे स्तर पर बनी हुई हैं। भारत जैसे देश, जो अपनी जरूरत का लगभग 85% तेल आयात करता है, उस पर इसका सबसे ज्यादा असर पड़ रहा है।


