झारखंड में 27 से 30 अक्टूबर तक बारिश का अलर्ट, कई जिलों में तेज हवा की चेतावनी

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झारखंड : बंगाल की खाड़ी में बने डिप्रेशन के चक्रवाती तूफान में बदलने की आशंका के बीच झारखंड में 27 से 30 अक्टूबर तक बारिश का अनुमान जताया गया है। मौसम विभाग के अनुसार, 27 अक्टूबर की सुबह तक इसके गंभीर चक्रवाती तूफान और 28 अक्टूबर की सुबह तक अति गंभीर चक्रवाती तूफान का रूप लेने का अनुमान है। बांग्लादेश ने इस चक्रवाती तूफान को ‘अर्नब’ नाम दिया है। मौसम विज्ञान केंद्र रांची के निदेशक डॉ अभिषेक आनंद के अनुसार, 27 अक्टूबर को राज्य के पूर्वी, दक्षिणी और मध्यवर्ती हिस्सों में हल्की से मध्यम बारिश हो सकती है। 28 अक्टूबर को कुछ क्षेत्रों में भारी बारिश की संभावना है, जबकि 29 और 30 अक्टूबर को भी कई इलाकों में बारिश का अनुमान है।

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मौसम विभाग ने 27 अक्टूबर को गोड्डा, साहिबगंज, दुमका, पाकुड़, देवघर, जामताड़ा, धनबाद, बोकारो, हजारीबाग, रांची, गुमला, खूंटी, सिमडेगा, पश्चिमी सिंहभूम, पूर्वी सिंहभूम और सरायकेला-खरसावां के लिए येलो अलर्ट जारी किया है। 28 अक्टूबर को गढ़वा, पलामू, लातेहार, लोहरदगा, चतरा, हजारीबाग, रांची, बोकारो, रामगढ़, गुमला, कोडरमा, खूंटी, सिमडेगा, सरायकेला-खरसावां, पश्चिमी सिंहभूम और पूर्वी सिंहभूम में ऑरेंज अलर्ट, जबकि गोड्डा, साहिबगंज, पाकुड़, दुमका, देवघर, जामताड़ा, धनबाद और गिरिडीह में येलो अलर्ट है। 29 अक्टूबर को गुमला, सिमडेगा, खूंटी, रांची, पश्चिमी सिंहभूम, पूर्वी सिंहभूम और सरायकेला-खरसावां तथा 30 अक्टूबर को पश्चिमी सिंहभूम, खूंटी, गुमला, सिमडेगा, कोडरमा, हजारीबाग, रांची, रामगढ़, सरायकेला-खरसावां, पूर्वी सिंहभूम, लोहरदगा, लातेहार, पलामू, गढ़वा और चतरा में येलो अलर्ट जारी किया गया है।

27 अक्टूबर को कुछ इलाकों में 30 से 40 किलोमीटर प्रति घंटे और 28 अक्टूबर को उत्तर-पश्चिमी, दक्षिणी-मध्यवर्ती तथा पूर्वी हिस्सों में 50 से 60 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से हवा चलने की संभावना है। 29 अक्टूबर को भी कुछ क्षेत्रों में 30 से 40 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से हवा चल सकती है। मौसम विभाग ने गरज-चमक के दौरान खुले स्थानों, पेड़ों और बिजली के खंभों से दूर रहने तथा जलजमाव वाले क्षेत्रों में सावधानी बरतने की सलाह दी है। भारी बारिश से निचले इलाकों में जलजमाव, नदियों और नालों का जलस्तर बढ़ने, फसलों को नुकसान, कम दृश्यता के कारण सड़क दुर्घटनाओं और बिजली आपूर्ति बाधित होने की आशंका जताई गई है।

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