नंदीग्राम में पोलिंग बूथ पर झड़प को लेकर ममता ने गवर्नर को लगाया फोन, कहा- ‘कुछ भी हो सकता है..’

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नंदीग्राम : पश्चिम बंगाल में गुरुवार को विधानसभा चुनावों के लिए दूसरे चरण के तहत मतदान हो रहा है, लेकिन यहां कई जगहों पर छिटपुट हिंसा की खबरें आ रही हैं. आज बंगाल की हॉटसीट नंदीग्राम पर भी झड़प हुई है. यहां एक पोलिंग बूथ के बाहर भारतीय जनता पार्टी और तृणमूल कांग्रेस के कार्यकर्ताओं के बीच झड़प हो गई थी, जिसे लेकर मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने राज्य के राज्यपाल जगदीप धनखड़ को फोन किया. ममता ने इन झड़पों को लेकर उनसे शिकायत की है. ममता ने उनसे कहा कि ‘यहां इलाके में बाहर के लोगों के होने से कानून व्यवस्था पूरी तरह डिस्टर्ब है और कभी भी, कुछ भी हो सकता है.’
नंदीग्राम में ममता बनर्जी अपने नए प्रतिद्वंद्वी शुभेंदु अधिकारी के खिलाफ खड़ी हैं. अधिकारी यहां से विधायक रह चुके हैं. वो टीएमसी के बड़े नेता रहे हैं और ममता के करीबी सहयोगी रह चुके हैं. ममता ने चुनाव आयोग से यहां बूथ कैप्चरिंग का भी आरोप लगाया है.

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ममता नंदीग्राम में अपने घर से चुनावी कार्यवाहियों पर नजर रख रही थीं, लेकिन पार्टी कार्यकर्ताओं ने बूथ कैप्चरिंग और रिगिंग के आरोप लगाए, जिसके बाद वो 1 बजे के आसपास वहां से निकलीं. ममता ने कहा कि ‘दूसरे राज्यों के गुंडे आकर यहां पर बवाल पैदा कर रहे हैं.’ उन्होंने यह भी कहा कि ‘मैंने सुबह से 63 शिकायतें की हैं लेकिन चुनाव आयोग ने अभी तक कोई कार्रवाई नहीं की है.’ममता ने कहा कि ‘जो लोग नारे लगा रहे हैं, वो बाहरी हैं. ये लोग बिहार और उत्तर प्रदेश से आए हैं. इन लोगों को केंद्र की ओर से सुरक्षा मिल रही है.’ बता दें कि इसके पहले टीएमसी ने चुनाव आयोग को लिखकर कहा था कि एनडीए-शासित राज्यों से सुरक्षा बलों को यहां चुनावों में तैनाती के लिए न बुलाया जाए क्योंकि इन राज्यों से आने वाले सुरक्षाकर्मी पक्षपातपूर्ण स्थिति पैदा कर सकते हैं.

बता दें कि आज ममता के अलावा पार्टी के सीनियर नेता और सांसद डेरेक ओब्रायन ने भी बीजेपी कार्यकर्ताओं पर बूथ कैप्चरिंग का आरोप लगाया है. उन्होंने चुनाव आयोग से कहा कि ‘बूथ नंबर- 6, 7, 49, 27, 162, 21, 26, 13, 262, 256, 163, 20 में बीजेपी कार्यकर्ताओं की बड़ी भीड़ घुस गई थी और इन कार्यकर्ताओं ने ईवीएम को अपने कंट्रोल में लेने की कोशिश की और बूथ रिगिंग की कोशिश की.’

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