रंभा कॉलेज ऑफ एजुकेशन में आज झारखंड स्थापना दिवस सह बाल दिवस का आयोजन 

0
Advertisements
Advertisements

जमशेदपुर (संवाददाता ):-रंभा कॉलेज ऑफ एजुकेशन में आज बाल दिवस के साथ-साथ झारखंड स्थापना दिवस समारोह भी संयुक्त रूप से आयोजित किया गया । समारोह का आरंभ दीप प्रज्वलित कर और भगवान बिरसा और भारत के प्रथम प्रधानमंत्री जवाहरलाल नेहरू के चित्र पर पुष्प अर्पित कर किया गया । बच्चों ने झारखंड की संस्कृति को प्रदर्शित करते हुए सांस्कृतिक कार्यक्रम प्रस्तुत किया। व्याख्याता रश्मि लुगून ने अपने विद्यार्थियों के लिए खेल प्रतियोगिताओं का आयोजन किया । यह समारोह कॉलेज के राष्ट्रीय सेवा योजना ईकाई के तहत प्रोग्राम ऑफिसर डॉ भूपेशचंद्र के निर्देशन में आयोजित किया गया था । इन्होंने भगवान बिरसा और चाचा नेहरू के जीवन संदेश को सबके सामने रखा ।
कॉलेज के चेयरमैन श्री रामबचन जी ने सभी विद्यार्थियों को संबोधित करते हुए कहा कि एक शिक्षक के लिए जरूरी है कि वह बच्चों के मनोविज्ञान को और उनकी आवश्यकताओं को समझें। इन्होंने सभी छात्र छात्राओं को लेखनी और नोटपैड भेंट किया।प्राचार्या डॉ कल्याणी कबीर ने कहा कि भावी शिक्षक कॉलेज के लिए विद्यार्थी हैं पर यही विद्यार्थी आगे चलकर समाज के बच्चों को शिक्षित करने का भी प्रयास करेंगे इसलिए जरूरी है कि भावी शिक्षक बच्चों के मनोविज्ञान को समझें और उनके जरूरतों का सम्मान करें ।असिस्टेंट प्रोफेसर डॉ दिनेश ने सभी को बाल अधिकार की जानकारी दी । असिस्टेंट प्रोफेसर डॉ सतीश यादव ने भी विद्यार्थियों को संबोधित किया।

Advertisements
https://bashisthaonline.in
Advertisements

कार्यक्रम का संचालन व्याख्याता जयश्री पंडा ने किया। इन्होंने कविता पाठ किया:—
मेरे प्यारे बच्चे हे मन के सच्चे
मेरे ये चांद सितारे हैं सबसे अच्छे।।
तुम प्यारे हो सबको प्यार बांटोगे
हंसते रहो खुशीयों के कारण बनोगे ।।
कर्म करो तुम कर्मवीर बनोगे
धर्म करो तुम धर्मवीर बनोगे ।।
ज्ञान आहरण करो तुम ज्ञानी बनोगे
सदैव सीखते रहो तुम शिक्षक बनोगे।।
बाल दिवस पर है यह शुभकामना
तुम समाज के जगमगाते सितारे बनोगे।।

See also  100% उपस्थिति पर 88 छात्रों का सम्मान, अनुशासन और निरंतरता पर जोर

कार्यक्रम को सफल बनाने में प्राचार्य डॉ संतोष कुमार, असिस्टेंट प्रोफेसर डॉक्टर दिनेश , असिस्टेंट प्रोफेसर डॉक्टर सतीश यादव, व्याख्याता रश्मि लुगून, व्याख्याता जयश्री पंडा, व्याख्याता बबीता कुमारी व्याख्याता ऐश्वर्या कर्मकार, नर्स शीलवंती, राधे, प्रकाश सिंह का महत्वपूर्ण योगदान रहा ।

Thanks for your Feedback!

You may have missed