विधानसभा में केंद्रीय बलों के प्रवेश पर रोक का मामला खारिज, हाईकोर्ट बोला- लोगों को शांति से रहने दें

कोलकाता : पश्चिम बंगाल विधानसभा परिसर में केंद्रीय सुरक्षा बलों के सशस्त्र जवानों के प्रवेश पर रोक और तत्कालीन स्पीकर बिमान बनर्जी के फैसले के खिलाफ दायर याचिका को कलकत्ता हाईकोर्ट ने खारिज कर दिया। सोमवार को हुई सुनवाई के दौरान जस्टिस अमृता सिन्हा ने मामले को आगे बढ़ाने से इनकार करते हुए कहा कि लोगों को शांति से रहने दिया जाए। अदालत ने राज्य सरकार की ओर से नियम जारी करने की मांग भी स्वीकार नहीं की।


यह मामला उस समय का है, जब शुभेंदु अधिकारी पश्चिम बंगाल विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष थे और उनके साथ केंद्रीय सुरक्षा बलों के जवान तैनात रहते थे। तत्कालीन विधानसभा अध्यक्ष बिमान बनर्जी ने सुरक्षा कारणों का हवाला देते हुए केंद्रीय बलों के सशस्त्र जवानों के विधानसभा परिसर में प्रवेश पर रोक लगा दी थी। शुभेंदु अधिकारी और भाजपा विधायकों ने इस फैसले का विरोध करते हुए आरोप लगाया था कि केंद्रीय सुरक्षाकर्मियों को रोका जा रहा है, जबकि टीएमसी के विधायकों और मंत्रियों को राज्य पुलिस की सुरक्षा के साथ परिसर में आने की अनुमति दी जा रही है।
शुभेंदु अधिकारी ने स्पीकर के आदेश में नियमों के उल्लंघन और भेदभाव का आरोप लगाते हुए हाईकोर्ट में अवमानना याचिका दायर की थी। सोमवार, 27 जुलाई को हुई अंतिम सुनवाई में अदालत ने कहा कि राज्य की राजनीतिक और प्रशासनिक परिस्थितियां बदल चुकी हैं, इसलिए पुराने मामले को आगे बढ़ाने का कोई औचित्य नहीं है। इसके साथ ही याचिका का निपटारा कर दिया गया।


