पिता की मौत के बाद बिखरता परिवार, मां ने लिया बड़ा फैसला — महुआडांड़ आरपीएस अनाथ आश्रम में दो मासूमों को मिला नया सहारा


महुआडांड़ (लातेहार):हेरहंज क्षेत्र से एक मार्मिक लेकिन उम्मीद जगाने वाली खबर सामने आई है, जहां पिता की मौत के बाद बिखरते परिवार को संभालने के लिए एक मां ने कठिन लेकिन साहसिक निर्णय लिया। लगभग 5 वर्ष पूर्व पिता के निधन के बाद आर्थिक और सामाजिक संकट से जूझ रही मां सोनुवा देवी ने अपने दोनों मासूम बेटों अर्जुन कुमार (9 वर्ष) और सुभाष कुमार (7 वर्ष) के बेहतर भविष्य के लिए उन्हें महुआडांड़ स्थित आरपीएस अनाथ आश्रम में सौंप दिया।परिजनों के अनुसार, पिता की मृत्यु के बाद परिवार पूरी तरह असहाय हो गया था। सीमित संसाधनों और लगातार बढ़ती जिम्मेदारियों के बीच बच्चों की पढ़ाई-लिखाई और सही परवरिश कर पाना मुश्किल होता जा रहा था। ऐसे में मां सोनुवा देवी ने बच्चों के भविष्य को प्राथमिकता देते हुए यह बड़ा निर्णय लिया, जो भावनात्मक रूप से बेहद कठिन था।बताया जाता है कि परिजनों को इस आश्रम की जानकारी सोशल मीडिया के माध्यम से मिली। इसके बाद लातेहार के पत्रकार मनोज दत्त ने आश्रम की पूरी जानकारी उपलब्ध कराई और प्रक्रिया को समझाने में सहयोग किया। सभी आवश्यक औपचारिकताओं को पूरा करते हुए बच्चों को आश्रम में दाखिल कराया गया।मौके पर आश्रम के शरवन यादव, मुकेश यादव सहित समाजसेवी संदीप कुमार उपस्थित रहे। उन्होंने बच्चों का स्वागत करते हुए भरोसा दिलाया कि उन्हें यहां बेहतर शिक्षा, सुरक्षित वातावरण और समुचित देखभाल मिलेगी, जिससे वे अपने जीवन में आगे बढ़ सकेंगे।इस घटना ने एक ओर जहां समाज के सामने गरीबी और मजबूरी की सच्चाई को उजागर किया है, वहीं दूसरी ओर यह भी दिखाया है कि सही मार्गदर्शन और सामाजिक सहयोग मिलने पर जरूरतमंद बच्चों को नई दिशा दी जा सकती है। स्थानीय लोगों ने भी इस पहल की सराहना करते हुए कहा कि प्रशासन और समाज को मिलकर ऐसे परिवारों की पहचान कर उनकी मदद के लिए आगे आना चाहिए, ताकि कोई भी बच्चा अभाव में अपना भविष्य न खोए।



