मानगो पुल पर ट्रेलर पलटने से भीषण जाम, 10 मिनट का सफर तय करने में लगे डेढ़ से दो घंटे

जमशेदपुर : मानगो पुल पर गुरुवार देर रात एक अनियंत्रित ट्रेलर पलटने से शुक्रवार सुबह शहर की यातायात व्यवस्था बुरी तरह प्रभावित हुई। सुबह करीब 9 बजे से दोपहर 12 बजे तक मानगो पुल, डिमना रोड, पुरुलिया रोड और साकची गोलचक्कर तक वाहनों की लंबी कतारें लगी रहीं। आम दिनों में मानगो से साकची पहुंचने में 10 से 12 मिनट लगते हैं, लेकिन जाम के कारण लोगों को डेढ़ से दो घंटे तक फंसे रहना पड़ा। इस दौरान स्कूली बच्चों, दफ्तर जाने वालों, महिलाओं, बुजुर्गों और मरीजों को काफी परेशानी हुई। कई एंबुलेंस भी जाम में फंसी रहीं। मानगो पुल गोलचक्कर के पास पलटे ट्रेलर को हटाने के लिए क्रेन मंगाने में समय लगा। शुक्रवार सुबह करीब 10 बजे क्रेन की मदद से ट्रेलर को सड़क किनारे किया गया, लेकिन तब तक दोनों ओर वाहनों की लंबी कतारें लग चुकी थीं। बसों और ऑटो में बैठे यात्री गर्मी से परेशान रहे, जबकि कई छात्र-छात्राएं और अन्य लोग वाहनों से उतरकर पैदल ही साकची की ओर जाने लगे। पुलिस के प्रयास से दोपहर करीब 12 बजे यातायात सामान्य हो सका।
स्थानीय लोगों ने मानगो पुल पर लगातार लगने वाले जाम के लिए सड़क किनारे अतिक्रमण, बेतरतीब पार्किंग और अंतरराज्यीय बसों के अव्यवस्थित ठहराव को जिम्मेदार बताया। उनका कहना है कि पुल के मुहाने से मानगो मेन रोड तक कई स्थानों पर सड़क किनारे पलंग, चौकी और फर्नीचर की दुकानें लगने से रास्ता संकरा हो गया है। लोगों ने आरोप लगाया कि नो एंट्री के नियमों का सख्ती से पालन नहीं होने और भारी वाहनों की आवाजाही पर प्रभावी निगरानी के अभाव में यातायात की समस्या बढ़ रही है।
जाम में फंसे स्थानीय निवासी वीरेंद्र सिंह ने बताया कि सामान्य दिनों में करीब 10 मिनट में तय होने वाली दूरी पार कर कोर्ट पहुंचने में उन्हें करीब डेढ़ घंटे लग गए। उन्हें दूसरे रास्ते से जाना पड़ा। वहीं, शंकर प्रसाद ने कहा कि सड़क किनारे खड़ी बसों और अतिक्रमण के कारण आवाजाही मुश्किल हो जाती है। स्थानीय लोगों ने प्रशासन और नगर निगम से अतिक्रमण हटाने, बसों के अवैध ठहराव पर रोक लगाने और यातायात नियमों का सख्ती से पालन कराने की मांग की है। साथ ही मानगो पुल पर जाम की समस्या के स्थायी समाधान के लिए ओवरब्रिज का निर्माण कार्य जल्द शुरू कराने की मांग उठाई है।




