पारा शिक्षकों को बड़ा झटका, आकलन परीक्षा पर अड़ंगा… JTET के बराबर मानने से इनकार


रांची : झारखंड के करीब 38 हजार आकलन परीक्षा पास पारा शिक्षकों (सहायक अध्यापकों) को बड़ा झटका लगा है। राज्य सरकार के साथ हुई उच्च स्तरीय बैठक में साफ कर दिया गया कि आकलन परीक्षा को झारखंड शिक्षक पात्रता परीक्षा (JTET) के समकक्ष मान्यता फिलहाल नहीं दी जा सकती। अधिकारियों ने कहा कि सुप्रीम कोर्ट की गाइडलाइंस के अनुसार शिक्षक बनने के लिए पात्रता परीक्षा पास करना अनिवार्य है, इसलिए बिना कानूनी अनुमति के इस मांग को स्वीकार करना संभव नहीं है।

बैठक में मंत्री सुदिव्य कुमार सोनू और डॉ. इरफान अंसारी मौजूद रहे। शिक्षा विभाग के सचिव उमाशंकर सिंह ने संघ के प्रतिनिधियों को बताया कि इस मुद्दे पर अंतिम फैसला कानूनी राय मिलने के बाद ही लिया जाएगा, जिसकी संभावना अगले सप्ताह जताई गई है। संघ की ओर से ऋषिकांत तिवारी, दिलशाद अहमद और विकास कुमार चौधरी समेत अन्य लोगों ने अपनी मांग रखी।
हालांकि बैठक में मृत पारा शिक्षकों के आश्रितों को अनुकंपा के आधार पर नौकरी देने की प्रक्रिया तेज करने पर सहमति बनी है। वहीं सेवानिवृत्ति की उम्र 62 साल करने पर फिलहाल सहमति नहीं बन पाई। इसके अलावा 967 बर्खास्त पारा शिक्षकों की बहाली के मुद्दे पर भी आगे दस्तावेजों के आधार पर विचार करने की बात कही गई है।


