सोना देवी विश्वविद्यालय में उत्साहपूर्वक मनाया गया झारखंड राज्य स्थापना दिवस


झारखंड: सोना देवी विश्वविद्यालय में 15 नवम्बर को झारखंड राज्य स्थापना दिवस धूमधाम से मनाया गया. झारखंड राज्य की स्थापना के 25 वर्ष पूरे होने के उपलक्ष्य में यहां कई कार्यक्रम का आयोजन किया गया. इस अवसर पर विश्वविद्यालय के विवेकानन्द ऑडिटोरियम में आयोजित कार्यक्रम में कुलाधिपति श्री प्रभाकर सिंह ने कहा कि हमें अपने कार्य को मेहनत, लगन और ईमानदारी से करना है तथा अपने राज्य को आगे बढाने के लिए हर संभव अच्छा कार्य करना है. हमारा राज्य आगे बढेगा तभी हमारी विशिष्ट पहचान बनेगी और हमारे राज्य का नाम रौशन होगा. राज्य स्थापना दिवस सह जनजातीय गौरव दिवस के मौके पर कुलाधिपति श्री प्रभाकर सिंह ने विवेकानन्द सभागार में उपस्थित सभी संकायों के डीन, विभागाध्यक्ष, सहायक प्राध्यापक तथा विद्यार्थियों को धरती आबा की 150वीं जयंती के पावन अवसर पर बधाई दी और कहा कि झारखंड अब 25 वर्ष का हो चुका है. झारखंड को अब कहां ले जाना है इस संबंध में चिंतन करें. हमें झारखंड के महान सेनानियों के जीवन से प्रेरणा लेकर राज्य को आगे बढाना है. इन्होंने अलग झारखंड राज्य के गठन के समय की चुनौतियों को याद किया और कहा कि किन परिस्थितियों में इस राज्य का गठन हुआ इसे समझने की जरूरत है. खनिज संसाधन के मामले में संपन्न होते हुए भी हम शिक्षा, स्वास्थ्य, उद्योग और विकास के मामले में पिछड़ते जा रहे हैं. उसे मिल कर संभाले तभी राज्य का कल्याण होगा, तभी हमारे महान स्वतंत्रता सेनानियों का बलिदान सार्थक होगा. प्रभाकर सिंह ने कहा हमें मिलजुलकर प्रण लेना चाहिए कि राज्य को विकास के पथ पर आगे बढायेंगे. उन्होंने विद्यार्थियों को अधिकारों के प्रति जागरूक रहने तथा अन्याय के खिलाफ आवाज बुलंद करने की सलाह दी.
इधर सोना देवी विश्वविद्यालय के कुलसचिव डॉ गुलाब सिंह आजाद ने 25वें राज्य स्थापना दिवस की बधाई देते हुए झारखंड राज्य की स्थापना से पहले के ऐतिहासिक तथ्यों से विद्यार्थियों को अवगत कराया. कुलसचिव महोदय ने औपनिवेशिक काल से लेकर वर्तमान हालात तक की चर्चा की. उन्होंने इस क्षेत्र के महान सेनानियों के योगदान से विद्यार्थियों को अवगत कराया. श्री आजाद ने तिलका मांझी, वीर बुधु भगत, सिद्धो कान्हु, फुलो झानो के संघर्ष, साहस और बलिदान के बारे मे विद्यार्थियों को बताया और इनसे प्रेरणा लेकर राज्य के विकास में भागीदार बनने की सलाह दी. वर्तमान हालात की चर्चा करते हुए कुलसचिव महोदय के कहा कि नीतियों का प्रभाव राज्य के विकास पर पड़ता है. झारखंड के साथ बने छत्तीसगढ तथा उत्तराखंड के विकास की कहानी हमारे लिए उदाहरण हैं. झारखंड में पर्यटन आधारित उद्योग के विकास की असीम संभावनाएं हैं. श्री आजाद ने कहा कि हमारा फर्ज है कि इतने संघर्ष और बलिदान के बाद जो धरती मिली है उसे हम संभालें. तभी राज्य का कल्याण होगा तभी हमारे वीर सेनानियों की कुर्बानी सार्थक होगी. हमें प्रण लेना होगा कि हम मिलकर झारखंड को आगे बढायेंगे तथा अपने अधिकारों के प्रति जागरूक रहकर अन्याय के खिलाफ आवाज उठायेंगे.
इस विशेष अवसर पर गणित विभाग के सहायक प्राध्यापक कृष्णेंदु दत्ता ने राज्य के विभिन्न जिलों की विशेषताओं से विद्यार्थियों को अवगत कराया तथा खनिज संसाधन, प्राकृतिक सुंदरता तथा धार्मिक स्थलों के बारे में बताया. संस्कृत विभाग की सहायक प्राध्यापक कुमारी निकिता ने झारखंड की धरती बोल उठी शीर्षक से कविता पाठ किया. इस मौके पर फार्मेसी विभाग के छात्र कौशलेंद्र यादव ने राज्य के विकास के संबंध में अपने विचार व्यक्त किया. छात्रा गायत्री और उनके साथियों ने मनभावन लोक नृत्य प्रस्तुत किया. इस मौके पर दिपावली मेले में आयोजित प्रतियोगिता के विभिन्न विजेताओं को प्रमाणपत्र देकर पुरस्कृत किया गया.
इस कार्यक्रम की शुरूआत भगवान बिरसा मुंडा की तस्वीर पर माल्यार्पण से की गई तथा उनके संघर्ष, त्याग और बलिदान को याद किया गया. सोना देवी विश्वविद्यालय का विवेकानन्द ऑडिटोरियम आज भगवान बिरसा मुंडा की 150वीं जयंती तथा झारखंड गठन की रजत जयंती समारोह का गवाह बना. इस मौके पर सोना देवी विश्वविद्यालय में झारखंड राज्य स्थापना दिवस सप्ताह का आयोजन किया गया और कई प्रतियोगिता आयोगिता आयोजित कराई गई.
राज्य स्थापना दिवस के मौके पर विश्वविद्यालय में 12 नवम्बर को निबंध प्रतियोगिता आयोजित कराया गया जिसमें ग्यारह प्रतिभागियों ने हिस्सा लिया. वहीं 13 नवम्बर को पोस्टर बनाओ प्रतियोगिता आयोजित कराया गया जिसमें विभिन्न संकाय के आठ प्रतिभागियों ने हिस्सा लिया. 14 नवम्बर को रंगोली प्रतियोगिता आयोजित कराई गई जिसमें कई छात्राओं ने उत्साह के साथ हिस्सा लिया. रंगोली प्रतियोगिता में लक्ष्मी मुर्मू, संगीता बास्के तथा सीमा महतो ने प्रथम स्थान प्राप्त किया. इस कार्यक्रम की संयोजक सह इतिहास विभाग की अध्यक्ष डॉ कंचन सिन्हा ने बताया कि निबंध प्रतियोगिता में बी फार्मा 5वीं सेमेस्टर की छात्रा अंशु कुमारी ने प्रथम स्थान प्राप्त किया जबकि बैचलर ऑफ लाइब्रेरी साइंस प्रथम वर्ष की छात्रा रेवती कुमारी ने द्वितीय स्थान प्राप्त किया. बी फार्मा 5वीं सेमेस्टर के छात्र कौशलेन्द्र यादव ने तीसरा स्थान प्राप्त किया. वहीं पोस्टर बनाओ प्रतियोगिता में बैचलर ऑफ फाईन आर्ट्स थर्ड सेमेस्टर के छात्र राहुल नायक ने प्रथम स्थान प्राप्त किया जबकि बी फार्मा के छात्र जयदेव दास ने दूसरा स्थान हासिल किया. पोस्टर बनाओ प्रतियोगिता में तीसरा स्थान बी फार्मा के छात्र अभिजीत कुमार तथा डी फार्मा के छात्र मोहन यादव को संयुक्त रूप से प्रदान किया गया. राष्ट्रगान के साथ राज्य स्थापना दिवस के मौके पर आयोजित कार्यक्रम संपन्न हुआ.




