झारखंड के नगर निकाय चुनाव 2026 में लगभग 5 लाख से अधिक नए मतदाताओं को मताधिकार से वंचित किए जाने को लेकर आज सड़कों पर उतरी आम जनता, भाजपा नेता ने किया है पीआईएल दर्ज


Saraikela: झारखंड के नगर निकाय चुनाव 2026 में कुल 48 निकायों में लगभग 5 लाख से अधिक नए मतदाताओं को मताधिकार से वंचित किए जाने की मांग अब जोर पकड़ने लगी है. इस मांग को लेकर आज सड़कों पर आम जनता हाथों में तख्तियां लेकर उतरी और पदमार्च किया. बता दें कि इस मांग को लेकर भाजपा नेता रमेश हांसदा ने झारखंड उच्च न्यायालय में पीआईएल दर्ज किया है. जिसका नंबर – Wpc फाइलिंग न0. 716/20, 01, 26, cnr jh. hc 010022-14-2026 है. इससे पहले सुप्रीम कोर्ट के रजिस्ट्रार और राज्य के मुख्यमंत्री को भी रमेश ने पत्र लिखा था. जनहित याचिका में कहा गया है कि अत्यंत दुःख एवं चिंता के साथ निवेदन करना पड़ रहा है कि झारखंड राज्य निर्वाचन आयोग द्वारा नगर निकाय चुनाव 2026 में लगभग 5 लाख से अधिक नए मतदाताओं को उनके संवैधानिक मताधिकार से वंचित किया जा रहा है, जो लोकतंत्र की मूल भावना के विपरीत है. उन्होंने कहा है कि नगर निकाय चुनाव में हो रही देरी को लेकर झारखंड उच्च न्यायालय द्वारा राज्य सरकार को यह स्पष्ट निर्देश दिया गया था कि हर हाल में शीघ्र चुनाव कराए जाएँ, भले ही 2024 की मतदाता सूची के आधार पर ही क्यों न हों. राज्य सरकार द्वारा इस निर्देश को स्वीकार किया गया, किंतु प्रशासनिक तैयारियों में अत्यधिक विलंब हुआ. अब अक्टूबर 2024 में प्रकाशित मतदाता सूची के पश्चात लगभग 18 माह का लंबा समय बीत चुका है तो इस अवधि में पूरे राज्य में लगभग 5 लाख से अधिक नए मतदाता पंजीकृत हुए हैं, जिनकी सूची भारत निर्वाचन आयोग के पास उपलब्ध है.




