जमशेदपुर के सुप्रसिद्ध चिकित्सक डॉ. नागेंद्र सिंह का निधन, गरीबों और जरूरतमंदों के लिए उनकी सेवा बनी यादगार


जमशेदपुर: जमशेदपुर की चिकित्सा बिरादरी और समाज को एक बड़ा आघात उस समय लगा जब डॉ. नागेंद्र सिंह सुबह-सुबह असामयिक रूप से दुनिया को अलविदा कह गए। वे जमशेदपुर के मानगो स्थित गंगा मेमोरियल अस्पताल के संस्थापक तथा वरिष्ठ सर्जन थे।

उनकी हालत कुछ दिनों से नाजुक थी। उन्हें निमोनिया के लक्षण दिखे और सांस लेने में परेशानी की शिकायत के बाद दिल्ली स्थित अस्पताल में भर्ती कराया गया था। वहीं इलाज के दौरान उन्होंने अंतिम सांस ली।
डॉ. सिंह ने अपने करियर में 15 हज़ार से अधिक मरीजों को नि:शुल्क इलाज और सर्जरी प्रदान की। आदिवासी व पिछड़े वर्ग के लिए उनकी सेवा-भावना बेहद प्रेरणादायी थी। उनके द्वारा आयोजित किये गए स्वास्थ्य शिविर व फ्री सर्जरी कैंप ने हजारों लोगों का जीवन बचाया।
उनके निधन की खबर मिलते ही चिकित्सकों, सामाजिक कार्यकर्ताओं, मरीजों और आम लोगों में शोक की लहर दौड़ गई। कहा जा रहा है कि आज सिर्फ एक चिकित्सक नहीं बल्कि एक सेवक चला गया है।
डॉ. सिंह का जीवन यही संदेश देता है कि चिकित्सा केवल व्यवसाय नहीं बल्कि समाज की सेवा का माध्यम हो सकती है। उनके द्वारा बनाई गई सेवा-परंपरा आज भी लोगों के लिए मिसाल बनी हुई है।
शव को आज अथवा कल जमशेदपुर लाया जाएगा और स्थानीय प्रशासन एवं चिकित्सा संगठन उन्हें भावपूर्ण श्रद्धांजलि अर्पित करेंगे।



