उषा मार्टिन विश्वविद्यालय के सिविल इंजीनियरिंग छात्रों द्वारा लोहरदगा जल शोधन संयंत्र का औद्योगिक भ्रमण


लोहरदगा: उषा मार्टिन विश्वविद्यालय के सिविल इंजीनियरिंग विभाग के लगभग 75 छात्रों ने 8 नवंबर 2025 को झारखंड सरकार के पेयजल एवं स्वच्छता विभाग, लोहरदगा के जल शोधन संयंत्र का औद्योगिक भ्रमण किया। इस भ्रमण का उद्देश्य छात्रों को जल शोधन संयंत्र से संबंधित व्यावहारिक जानकारी प्रदान करना, उनके शैक्षणिक पाठ्यक्रम से जुड़े व्यावहारिक पहलुओं का अनुभव कराना और उनके व्यावहारिक ज्ञान को सुदृढ़ करना था।

भ्रमण का आयोजन पेयजल एवं स्वच्छता विभाग, लोहरदगा के अधिकारियों — श्री अनूप कुमार हांसदा (कार्यपालक अभियंता), श्री जॉय मिन्ज़ (सहायक अभियंता), श्री अमित कुमार (कनिष्ठ अभियंता), तथा नगर परिषद लोहरदगा के श्री मुक्ति किरो (कार्यपालक अभियंता) और श्री सचिन कुमार महतो (सहायक अभियंता) — द्वारा सौजन्यपूर्वक किया गया।
छात्रों का स्वागत जल शोधन संयंत्र, लोहरदगा के स्वामी *श्री कुमार संदीप* द्वारा किया गया, जिन्होंने संयंत्र के संचालन और जल शोधन प्रक्रिया के बारे में उपयोगी जानकारी साझा की।
भ्रमण के दौरान छात्रों ने अभियंताओं से उत्साहपूर्वक संवाद किया और जल शुद्धिकरण की विभिन्न अवस्थाओं, शोधन तकनीकों एवं अवसंरचना डिज़ाइन के बारे में गहन जानकारी प्राप्त की। अभियंताओं ने जल गुणवत्ता प्रबंधन और सिस्टम रखरखाव के व्यावहारिक पहलुओं पर विस्तार से चर्चा की, जिससे छात्रों को सैद्धांतिक ज्ञान और वास्तविक क्षेत्रीय अनुप्रयोगों के बीच का अंतर समझने में सहायता मिली।
सिविल इंजीनियरिंग विभाग के संकाय सदस्यों — *श्री आरोही कुमार मुंशी (सहायक प्रोफेसर), श्री अनुराग (सहायक प्रोफेसर)* और *श्री राहुल कुमार गुप्ता (विभागाध्यक्ष, सिविल इंजीनियरिंग)* — के नेतृत्व में यह छात्र दल भ्रमण पर गया, जिसमें विभाग के प्रयोगशाला तकनीशियन भी शामिल थे।
सिविल इंजीनियरिंग विभाग, उषा मार्टिन विश्वविद्यालय, विश्वविद्यालय प्रबंधन — *माननीय कुलपति, प्रो कुलपति, कैंपस निदेशक, कुलसचिव, प्रशिक्षण एवं प्लेसमेंट विभाग, सभी डीन, इंजीनियरिंग एवं एप्लाइड साइंसेस संकायाध्यक्ष और अन्य प्राध्यापकों* — के प्रति हार्दिक आभार व्यक्त करता है, जिन्होंने ऐसे सार्थक औद्योगिक भ्रमणों के आयोजन में निरंतर सहयोग एवं प्रोत्साहन प्रदान किया, जिससे छात्रों के व्यावसायिक विकास में वृद्धि होती है।
यह औद्योगिक भ्रमण छात्रों के लिए एक उपयोगी और समृद्ध अनुभव सिद्ध हुआ, जिसने उन्हें सिविल इंजीनियरिंग के वास्तविक जीवन में प्रयोग होने वाले सिद्धांतों को समझने में मदद की। छात्रों ने पेयजल एवं स्वच्छता विभाग, लोहरदगा तथा जल शोधन संयंत्र प्रबंधन के प्रति अपनी हार्दिक कृतज्ञता व्यक्त की, जिन्होंने इस भ्रमण को सफल बनाने में मार्गदर्शन और सहयोग प्रदान किया।



