काली मंदिर में शुरू हुआ ‘ई-दान पात्र’, अब डिजिटल माध्यम से कर सकेंगे सुरक्षित दान






जमशेदपुर : पारडीह स्थित संन्यासी आश्रम पारडीह काली मंदिर (जूना अखाड़ा ट्रस्ट) ने श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए आधुनिक तकनीक की ओर कदम बढ़ाते हुए ‘ई-दान पात्र’ यानी डिजिटल दान सुविधा की शुरुआत की है। शनिवार को इस सुविधा का विधिवत शुभारंभ किया गया। इंडियन ओवरसीज बैंक के सहयोग से शुरू की गई इस व्यवस्था का उद्घाटन मंदिर के महंत श्री विद्यानंद सरस्वती जी महाराज ने नारियल फोड़कर और पूजा-अर्चना के साथ किया। इस मौके पर बैंक के वरिष्ठ अधिकारी भी मौजूद रहे।


मंदिर प्रबंधन के अनुसार ई-दान पात्र शुरू होने से अब श्रद्धालुओं को नकद दान पर निर्भर नहीं रहना पड़ेगा। दूर-दराज से आने वाले भक्त भी डिजिटल माध्यम से सीधे और सुरक्षित तरीके से दान कर सकेंगे। मंदिर प्रबंधन का मानना है कि इस सुविधा से दान की प्रक्रिया अधिक आसान, पारदर्शी और सुविधाजनक बनेगी। खासकर उन श्रद्धालुओं के लिए यह व्यवस्था उपयोगी होगी, जो ऑनलाइन या डिजिटल भुगतान को प्राथमिकता देते हैं।
कार्यक्रम के दौरान महंत मेघानंद सरस्वती, उपेंद्र सिंह मस्तान, मधु गोराई, भवानी सिंह, आशुतोष सिंह समेत आश्रम से जुड़े कई गणमान्य लोग और भक्तजन उपस्थित रहे। मौजूद लोगों ने बैंक और ट्रस्ट की इस संयुक्त पहल की सराहना की और इसे धार्मिक स्थलों में डिजिटल सुविधाओं के बढ़ते उपयोग की दिशा में सकारात्मक कदम बताया।


