आदित्यपुर : अब हर तीन महीने में होगी “DISHA” की बैठक,ताकि विकास योजनाओं की कार्य प्रगति की समीक्षा की जा सके- संजय सेठ



आदित्यपुर:- अब हर तीन महीने में “DISHA” की बैठक होगी, ताकि विकास योजनाओं की कार्य प्रगति की समीक्षा की जा सके. उक्त बातें सांसद सह केंद्रीय राज्य मंत्री रक्षा मंत्रालय भारत सरकार संजय सेठ ने कही. उन्होंने इस दौरान विभिन्न विभाग अंतर्गत संचालित योजनाओं की समीक्षा कर लंबित योजनाओं में सुधारात्मक प्रगति लाने तथा विकास योजनाओं को निश्चित समयावधी में पूर्ण करने के निर्देश दिए हैं. साथ ही खेल-कूद एवं पर्यटन की क्षेत्र में जिला प्रशासन को विकास की ओर आगे बढ़ाने के लिए कार्य योजना निर्धारित करने का भी निर्देश दिया. बता दें कि जिला समाहरणालय सभागार में शुक्रवार को केंद्रीय राज्य मंत्री रक्षा मंत्रालय भारत सरकार की अध्यक्षता में जिला विकास समन्वय एवं निगरानी समिति (“DISHA”) की बैठक आयोजित हुई. बैठक के दौरान जिले के विभिन्न विभाग अंतर्गत संचालित योजनाओं के क्रियान्वयन का क्रमवार समीक्षा किया गया. साथ ही पूर्व की बैठक में दिये गये दिशा-निर्देशों के अनुपालन की बिंदुवार समीक्षा और चर्चा की गयी. बैठक में सांसद सिंहभूम लोकसभा क्षेत्र जोबा मांझी, सांसद खूंटी लोकसभा क्षेत्र कालीचरण मुंडा, विधायक खरसावां विधानसभा क्षेत्र दशरथ गागराई, विधायक इचागढ़ सविता महतो, जिला परिषद अध्यक्ष सोनाराम बोदरा, उप विकास आयुक्त आशीष अग्रवाल समेत सभी प्रखंड प्रमुख, मुखिया एवं सभी विभागीय पदाधिकारी उपस्थित रहे. बैठक के दौरान केंद्रीय मंत्री के द्वारा प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना, विधुत, खाद्य आपूर्ति, पेयजल एवं स्वच्छता,मनरेगा, प्रधानमंत्री आवास योजना, केसीसी, शिक्षा, स्वास्थ्य, समाज कल्याण,पथ निर्माण विभाग समेत विभिन्न विभाग अंतर्गत संचालित योजनाओं की क्रमवार समीक्षा की. समीक्षा के क्रम में ऐसी योजना जिसके कार्य प्रगति धीमा पाया गया उसमे सुधारात्मक प्रगति लाने तथा योजनाओं को निश्चित समयावधी में पूर्ण करने का सख्त निर्देश दिया गया. इस दौरान उन्होंने कहा कि विभिन्न माध्यमों से प्राप्त शिकायतों का निपटारा तय समय सीमा के अंदर करें, साथ ही उन्होंने जो गांव और टोले बिजली सेवा से वंचित हैं, वहां बिजली सेवा शुरू करने,जर्जर बिजली खम्भे को बदलने, झूलते तार को यथाशीघ्र दुरुस्त करने, प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना के लंबित कार्य में तेजी लाने, योजना अंतर्गत कार्य मे लापरवाही बरतने तथा तय समय में कार्य ना पूर्ण करने वाले संवेदको पर नियमानुसार कार्रवाई करने, हर-घर जल-नल योजना से सभी गाँव टोला को जोड़ने, खराब चापाकल-जलमिनार को चिन्हित कर मरमत्ती हेतु कार्य योजना निर्धारित करने,विभिन्न औद्योगिक संस्थान द्वारा प्रदूषण संबंधित प्राप्त शिकायत पर जाँचोपरान्त कार्रवाई सुनिश्चित करने तथा प्राकृतिक आपदा के कारण घर गिरने पर लाभुक को चिन्हित कर आवास योजना समेत अन्य योजनाओं का लाभ प्रदान करने का निर्देश दिया.

