अंधविश्वास में मां ने दी बेटी की बलि, हत्याकांड का सनसनीखेज खुलासा


हजारीबाग : विष्णुगढ़ क्षेत्र में रामनवमी के मंगला जुलूस (24 मार्च) की रात लापता हुई मासूम बच्ची की हत्या का पुलिस ने सनसनीखेज खुलासा किया है। जांच में सामने आया कि इस जघन्य अपराध को अंधविश्वास के चलते अंजाम दिया गया। पुलिस के अनुसार, बच्ची की मां रेशमी देवी ने अपने बेटे की कथित परेशानी दूर करने के लिए गांव की एक भगताइन शांति देवी के कहने पर अपनी ही बेटी की बलि दे दी। घटना के बाद इलाके में दहशत और आक्रोश का माहौल है।

पुलिस जांच में यह भी सामने आया कि इस वारदात को अंजाम देने में भीम राम नामक व्यक्ति ने भी अहम भूमिका निभाई। तीनों आरोपियों ने मिलकर बच्ची का गला घोंटा और फिर पत्थर से वार कर उसकी हत्या कर दी, ताकि घटना को छिपाया जा सके। बच्ची के अचानक गायब होने के बाद परिवार और ग्रामीणों में खोजबीन शुरू हुई, जिसके बाद पुलिस ने मामले को गंभीरता से लेते हुए विशेष जांच टीम (SIT) का गठन किया।
SIT की गहन जांच और पूछताछ के दौरान सच्चाई सामने आई, जिसके बाद पुलिस ने बच्ची की मां रेशमी देवी, भगताइन शांति देवी और भीम राम को गिरफ्तार कर लिया। इस घटना ने एक बार फिर समाज में फैले अंधविश्वास और उसके खतरनाक परिणामों पर सवाल खड़े कर दिए हैं। पुलिस ने स्पष्ट किया है कि मामले में सभी आरोपियों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी और पूरे प्रकरण की जांच आगे भी जारी रहेगी।


