जमशेदपुर के JNAC क्षेत्र में अवैध निर्माणों के खिलाफ बुलडोजर कार्रवाई की तैयारी तेज, 24 भवनों के 72 अवैध फ्लोर को तोड़ा जा सकता है


जमशेदपुर : जमशेदपुर अधिसूचित क्षेत्र समिति (JNAC) के इलाके में अवैध निर्माण के खिलाफ प्रशासन ने बुलडोजर कार्रवाई के लिये तैयारियां तेज कर दी हैं। जेएनएसी की टीम क्षेत्र में 24 ऐसे भवनों को चिन्हित कर रही है जिनमें नक्शा उल्लंघन के मामले हैं और इन्हें दो दिनों के भीतर जिला प्रशासन को रिपोर्ट के रूप में सौंपा जाएगा। यह कार्रवाई झारखंड हाईकोर्ट के निर्देश के बाद शुरू की जा रही है।

उपायुक्त कर्ण सत्यार्थी की अध्यक्षता में हुई समीक्षा बैठक में जेएनएसी को तीन दिनों के भीतर रिपोर्ट जमा करने का निर्देश दिया गया था। टीम पहले स्थल निरीक्षण कर रही है ताकि अवैध हिस्सों को सटीक रूप से चिन्हित किया जा सके और प्रभावी ढंग से बुलडोजर से ध्वस्त किया जा सके।
हाईकोर्ट की उस सुनवाई में कहा गया था कि अवैध निर्माण को एक माह के भीतर ध्वस्त किया जाना चाहिए, और अदालत ने राज्य सरकार को जेएनएसी को पूरा सहयोग देने का निर्देश भी दिया है। अदालत ने स्पष्ट किया है कि नक्शा उल्लंघन कर बनाए गए भवनों के ऊपर किसी भी तरह की नरमी बर्दाश्त नहीं होगी। उपायुक्त, नगर विकास सचिव और वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक को अनुपालन में कमी होने पर व्यक्तिगत रूप से जिम्मेदार ठहराया गया है। अगली सुनवाई 9 मार्च को तय की गई है।
जेएनएसी के सूत्रों के अनुसार, चिन्हित 24 भवनों में लगभग 72 अवैध फ्लोर पाए गए हैं। लीज क्षेत्र में केवल ग्राउंड प्लस दो मंजिल (G+2) तक निर्माण की अनुमति है, जबकि कई भवनों में पांच से छह मंजिल तक निर्माण किया गया है। ऐसे अतिरिक्त फ्लोर को अवैध माना गया है और इन्हें बुलडोजर से हटाने की तैयारी की जा रही है।
प्रशासन का कहना है कि कार्रवाई का उद्देश्य केवल नियमों का पालन सुनिश्चित करना और शहर के नियोजित विकास को सुरक्षित रखना है। अवैध निर्माणों के खिलाफ यह कदम JNAC क्षेत्र में कानून-व्यवस्था और मानचित्र हेतु स्पष्ट संदेश है।



