हड़ताल का असर: चाकुलिया में तीन घंटे सड़क जाम, पीएम का पुतला दहन कर जताया विरोध


चाकुलिया : केंद्रीय संयुक्त ट्रेड यूनियनों के देशव्यापी हड़ताल के आह्वान के समर्थन में गुरुवार को चाकुलिया प्रखंड के कोकपाड़ा स्टेशन के पास मुटुरखाम में जोरदार प्रदर्शन किया गया। एआईटीयूसी की चाकुलिया इकाई ने चाकुलिया–धालभूमगढ़ मुख्य सड़क को जाम कर अपना विरोध दर्ज कराया।

करीब तीन घंटे तक सड़क पूरी तरह बाधित रही। इस दौरान दोनों ओर वाहनों की लंबी कतार लग गई और आम लोगों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा।
प्रदर्शन के दौरान कार्यकर्ताओं ने नारेबाजी की और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का पुतला दहन किया।
सूचना मिलने के बाद सीओ नवीन पुरती और थाना प्रभारी संतोष कुमार पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। अधिकारियों ने प्रदर्शनकारियों से बातचीत की। काफी समझाइश के बाद सड़क जाम समाप्त कराया गया। इसके बाद आवागमन धीरे-धीरे सामान्य हुआ।
एआईटीयूसी नेता सरकार किस्कू ने कहा कि नए लेबर कोड श्रमिकों के अधिकारों पर सीधा प्रहार हैं। उनका आरोप है कि इन कानूनों के लागू होने से काम के घंटों में मनमाना बढ़ोतरी हो सकती है। साथ ही यूनियन बनाने के संवैधानिक अधिकार भी कमजोर पड़ सकते हैं।
उन्होंने कहा कि इससे ठेका प्रथा को बढ़ावा मिलेगा और मजदूरों का भविष्य असुरक्षित हो जाएगा। उनके अनुसार यह कदम पूंजीपतियों के हित में है और श्रमिकों के खिलाफ सोची-समझी रणनीति का हिस्सा है।
उन्होंने स्पष्ट किया कि यह हड़ताल केवल प्रतीकात्मक विरोध नहीं है, बल्कि मजदूरों के अस्तित्व की लड़ाई है।
प्रदर्शन में एआईटीयूसी अध्यक्ष बाजुन मांडी, मंटू किस्कू, मनसा सोरेन, बर्दी नाथ टुडू, सुराय मुर्मू, चूनाराम हेंब्रम, सलहाई मुर्मू, दीपक किस्कू सहित बड़ी संख्या में कार्यकर्ता और स्थानीय मजदूर मौजूद रहे।



