एनआइटी जमशेदपुर ने छीन ली रजक समाज की रोजी-रोटी, अखिल भारतीय धोबी महासंघ ने बैठक कर बनाई आंदोलन की रणनीति


Saraikela :- सरायकेला-खरसावां जिले के आदित्यपुर एलआईजी में अखिल भारतीय धोबी महासंघ की हुई. बैठक में एनआइटी जमशेदपुर का भारी विरोध किया गया. बैठक का मुख्य मुद्दा था एनआइटी जमशेदपुर से रजक समाज का रोजी-रोटी छिन जाना. बैठक में समाज के लोगों ने कहा कि एनआईटी जमशेदपुर में रजक समाज के लोग पीढ़ी-दर-पीढ़ी कपड़ा धोने का काम करते आ रहे थे. इस बार उन्हें कमतक आंकते हुए कपड़ा धोने क काम दूसरी जाति को दे दिया गया है. ऐसे में उनकी रोजी-रोटी छिन गई है. उन्हें साफ कह दिया गया है कि अब वे की दूसरा काम देख लें. इसके विरोध में एनआइटी जमशेदपुर के डायरेक्टर को भी ज्ञापन सौंपकर समस्या से रू-ब-रू कराया गया है.

समाज के लोग 40 रुपये में एक जोड़ा कपड़ा धोते थे, लेकिन कॉरपोरेट जगत के लोग 20 रुपये में एक जोड़ा कपड़ा धो रहे हैं. बैठक में आंदोलन को लेकर आगे की रणनीति बनाई गई. बैठक की अध्यक्षता भोला रजक ने की.
बैठक में अखिल भारतीय धोबी महासंघ के महासचिव शारदा देवी, पूर्वी सिंहभूम के जिला अध्यक्ष गोपाल रजक, सरायकेला-खरसावां जिले के जिला अध्यक्ष राजू रजक, झारखंड के संगठन सचिव उपेंद्र रजक, महासचिव नंदलाल रजक, संगठन सचिव कविचंद्र रजक, कोषाध्यक्ष अरूण चौधरी, सरायकेला-खरसावां के महासचिव दुर्गा राम बैठा, कोषाध्यक्ष वासुदेव रजक, मनोज रजक, मदन रजक, सौदागर रजक आदि मौजूद थे. बैठक के अंत में अखिल भारतीय धोबी महासंघ के राष्ट्रीय अध्यक्ष पूर्व मंत्री श्याम रजक की पत्नी स्वर्गीय अलका राज, दिशोम गुरु शिवू सोरेन, एवं शिक्षा मंत्री स्वर्गीय रामदास सोरेन के निधन पर मौन रख कर गहरा शोक व्यक्त किया गया.



