एफ.एस.एस.ए.आई. के निर्देशों के अनुपालन हेतु खाद्य सुरक्षा पदाधिकारी द्वारा मेडिकल दुकानों का निरीक्षण, ‘ORS’ शब्द के प्रयोग पर प्रतिबंध की दी गई जानकारी


Saraikela : मंगलवार की शाम खाद्य सुरक्षा पदाधिकारी सुबीर रंजन द्वारा आदित्यपुर क्षेत्र स्थित विभिन्न मेडिकल दुकानों का निरीक्षण किया गया. निरीक्षण के दौरान दुकानों में विक्रय किए जा रहे खाद्य एवं पेय पदार्थों की जाँच की गई तथा व्यवसायियों को भारतीय खाद्य संरक्षा एवं मानक प्राधिकरण (FSSAI) द्वारा जारी नवीन निर्देशों की जानकारी दी गई.
खाद्य सुरक्षा पदाधिकारी सुबीर रंजन ने बताया कि भारतीय खाद्य संरक्षा एवं मानक प्राधिकरण (FSSAI) ने स्पष्ट निर्देश जारी किए हैं कि अब किसी भी खाद्य या पेय उत्पाद के ब्रांड, ट्रेडमार्क या लेबल में “ORS” शब्द का प्रयोग नहीं किया जा सकेगा. यह शब्द केवल चिकित्सकीय उत्पाद (ओरल रिहाइड्रेशन सॉल्यूशन) के रूप में ही प्रयोग किया जा सकता है, जो विश्व स्वास्थ्य संगठन (WHO) द्वारा अनुशंसित नमक और चीनी के सही अनुपात में तैयार किया जाता है. FSSAI के अनुसार, देश के विभिन्न हिस्सों में कुछ कंपनियाँ अपने मीठे पेय पदार्थों को गलत तरीके से ORS के रूप में बेच रही थीं, जिससे उपभोक्ताओं में भ्रम की स्थिति उत्पन्न हो रही थी. इस पर रोक लगाने हेतु प्राधिकरण ने निर्देश दिया है कि ऐसे उत्पादों से ‘ORS’ शब्द को तत्काल हटाया जाए, अन्यथा उन्हें “Misbranded” एवं “Misleading Product” की श्रेणी में माना जाएगा, जिस पर जुर्माना एवं कानूनी कार्रवाई की जा सकती है. निरीक्षण के दौरान एक मेडिकल दुकान में “ORS-L” नामक पेय पदार्थ विक्रय हेतु रखा पाया गया, जिसे तुरंत हटवाया गया। साथ ही, सभी खाद्य कारोबारियों को निर्देशित किया गया कि वे FSSAI के निर्देशों का अक्षरशः पालन सुनिश्चित करें, और उपभोक्ताओं को गुमराह करने वाले किसी भी प्रकार के उत्पाद का विक्रय अथवा प्रचार न करें. खाद्य सुरक्षा पदाधिकारी ने आमजन से अपील की कि वे किसी भी पेय या खाद्य उत्पाद को खरीदने से पूर्व उसका FSSAI लाइसेंस नंबर एवं लेबल विवरण अवश्य जाँचें, ताकि भ्रामक उत्पादों से बचाव सुनिश्चित किया जा सके.




