आदित्यपुर ऑटो क्लस्टर में रक्षा एक्सपो 16–17 जनवरी को


Saraikela : आदित्यपुर स्मॉल इंडस्ट्रीज़ एसोसिएशन (एसिया), सिंहभूम चैंबर ऑफ कॉमर्स एवं लघु उद्योग भारती के सहयोग से आगामी 16 एवं 17 जनवरी को आदित्यपुर ऑटो क्लस्टर में रक्षा एक्सपो (डिफेंस एक्सपो) आहूत किया जाएगा. इस एक्सपो के आयोजन का उद्देश्य एमएसएमई उद्योगों को रक्षा क्षेत्र से जोड़ना तथा उन्हें नए व्यावसायिक अवसर उपलब्ध कराना है. इस संबंध में एसिया के अध्यक्ष इंदर अग्रवाल, महासचिव प्रवीण गुटगुटिया, उपाध्यक्ष देवांग गांधी एवं सचिव अशोक गुप्ता ने बुधवार को वेब इंटरनेशनल में केन्द्रीय रक्षा राज्य मंत्री संजय सेठ से मुलाकात की तथा उनके समक्ष एक्सपो की सफलता हेतु महत्वपूर्ण सुझाव एवं मांगें रखी. एसिया ने केन्द्रीय रक्षा राज्य मंत्री श्री सेठ से जबलपुर स्थित व्हीकल फैक्ट्री (जो रक्षा वाहनों का प्रमुख निर्माण केंद्र है) की इस एक्सपो में उपस्थिति सुनिश्चित कराने का अनुरोध भी किया, जिससे आदित्यपुर औद्योगिक क्षेत्र को विशेष लाभ मिलेगा. क्योंकि यहाँ बड़ी संख्या में ऑटो कंपोनेंट निर्माता इकाइयां कार्यरत हैं. साथ हीं एसिया ने केन्द्रीय रक्षा राज्य मंत्री से रक्षा अधिकारियों को आयात
प्रतिस्थापन योग्य वस्तुओं की सूची के साथ एक्सपो में आने का निर्देश देने का भी आग्रह किया, जिससे कि स्थानीय उद्योग स्वदेशीकरण के अवसरों को समझ सकें. इस दौरान एसिया द्वारा यह सुझाव भी दिया गया कि एक्सपो के दौरान रक्षा खरीद एजेंसियों एवं उद्योगों के बीच बी2बी बैठकें आहूत की जाएँ, जिससे अधिक से अधिक उद्योगों को एक्सपो में स्टॉल लगाने के लिए प्रोत्साहन मिल सके. केन्द्रीय रक्षा राज्य मंत्री के साथ हुई मुलाकात के दौरान इस बात पर भी यह भी जोर दिया गया कि इस आयोजन का भविष्य में फॉलो-अप किया जाए, ताकि इसके परिणामों एवं उपलब्धियों का विश्लेषण किया जा सके.
* रक्षा क्षेत्र के साथ काम कर रहे हैं 17 हजार एमएसएमई: संजय सेठ
मुलाकात के दौरान रक्षा राज्य मंत्री संजय सेठ ने उद्यमियों को बताया कि वर्तमान समय में लगभग 17,000 एमएसएमई रक्षा क्षेत्र के साथ कार्य कर रहे हैं. और आगे भी एमएसएमई के लिए इस क्षेत्र में अपार संभावनाएँ मौजूद हैं. एसिया के अध्यक्ष इंदर अग्रवाल ने कहा कि एसिया हमेशा उद्योगों के कल्याण, विकास और प्रगति के लिए कार्य करती रही है. और यह रक्षा एक्सपो उसी दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है. उन्होंने बताया कि इस एक्सपो में लगभग 50 स्टॉल लगाए जाएँगे, जिनका नाममात्र शुल्क शीघ्र घोषित किया जाएगा. श्री अग्रवाल ने उद्योगों से इस आयोजन में सक्रिय रूप से भाग लेने की अपील भी की तथा कहा कि वे एक्सपो में अपने स्टॉल लगाएँ और अपने उत्पादों को रक्षा अधिकारियों के समक्ष प्रस्तुत करें, जिससे वे रक्षा क्षेत्र में नए बाजारों की संभावनाएँ तलाश सकें.




