अमिटी यूनिवर्सिटी झारखंड ने भारतीय संविधान के अंगीकरण की 76वीं वर्षगांठ मनाई


रांची: अमिटी यूनिवर्सिटी झारखंड की दृष्टि और मिशन के अनुरूप तथा माननीय फाउंडर प्रेसिडेंट और माननीय चांसलर के आशीर्वाद से, अमिटी लॉ स्कूल, अमिटी यूनिवर्सिटी झारखंड ने 26 नवंबर 2025 को “संविधान दिवस समारोह – 2025” का आयोजन किया। भारतीय संविधान के अंगीकरण की 76वीं वर्षगांठ का यह अवसर केवल विधि क्षेत्र के लिए ही नहीं, बल्कि प्रत्येक भारतीय नागरिक के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण है।
अमिटी यूनिवर्सिटी झारखंड के कुलपति डॉ. अशोक के. श्रीवास्तव ने संविधान दिवस समारोह के लिए अपनी हार्दिक शुभकामनाएँ प्रेषित कीं।
कार्यक्रम के विशिष्ट वक्ता डॉ. अभिषेक त्रिपाठी, डीन, मैनेजमेंट एंड एलाइड प्रोग्राम्स, अमिटी यूनिवर्सिटी झारखंड थे। उन्होंने समकालीन भारत में संवैधानिक नैतिकता पर विचार साझा किए। उन्होंने कहा, “हमारा संविधान एक जीवंत दस्तावेज है। यह वास्तविक अर्थों में एक पूर्ण दस्तावेज है। 76 वर्ष पूर्व लिखा गया यह दस्तावेज आज भी उतना ही प्रासंगिक है।”
उन्होंने विद्यार्थियों के साथ संवाद के दौरान आंतरिक नैतिकता, नूर्नबर्ग न्यायशास्त्र और संवैधानिक नैतिकता जैसे विषयों पर विस्तार से प्रकाश डाला।
कार्यक्रम में नागरिक शपथ और संविधान व उसके महत्व के प्रति जागरूकता पैदा करने वाला एक नाटक (स्किट) भी प्रस्तुत किया गया। दिन का समापन डॉ. अनुज कुमार सिन्हा, सहायक प्रोफेसर, अमिटी लॉ स्कूल, रांची द्वारा धन्यवाद प्रस्ताव के साथ हुआ।
सत्र का उद्देश्य विद्यार्थियों में संविधान के महत्व को रेखांकित करना और यह संदेश देना था कि अधिकार बाद में आते हैं, पहले हमें अपने कर्तव्यों का पालन करना चाहिए। संवादात्मक चर्चाओं, दृश्य प्रस्तुतियों और रोचक गतिविधियों के माध्यम से कार्यक्रम ने युवा मस्तिष्कों को आत्मविश्वास विकसित करने, तथा संविधान के अनुसार अपने अधिकारों और कर्तव्यों को समझने हेतु प्रेरित किया।




