जमशेदपुर: टाटानगर आरपीएफ को एक बड़ी सफलता लगी हाथ, वन्य जीव प्राणियों के साथ संदिग्ध महिला को किया गिफ्तार, सभी वन्य प्राणी विदेशी हैं

0
Advertisements
Advertisements

जमशेदपुर: जमशेदपुर के टाटानगर आरपीएफ को एक बड़ी सफलता हाथ लगी है. आरपीएफ ने नीलांचल एक्सप्रेस की जनरल बोगी से जिस महिला को वन्य जीव प्राणियों के साथ गिरफ्तार किया था वह मूल रूप से पुणे की रहने वाली है और उसका नाम देवी चंद्रा है. महिला के पास से बरामद बैग काफी मात्रा में वन्य जीव प्राणी पाए गए जिनमें सांप, गिरगिट, मकड़ी और बीटल के अलावा अन्य शामिल है. सभी प्राणी विदेशी है. आरपीएफ की टीम महिला को हिरासत में लेकर थाने चली गई जहां महिला से पूछताछ की गई. आरपीएफ प्रभारी एसके तिवारी ने स्नेक कैचर से संपर्क किया जिसके बाद मिथलेश कुमार श्रीवास्तव उर्फ छोटू स्नेक कैचर, तरुण कालिंदी उर्फ चीकू और रोहित राव आरपीएफ थाना पहुंचे और बैग से सभी प्राणियों को बाहर निकाला. बैग से कुल 26 सांप, 9 डिब्बे में बंद बीटल, 12 गिरगिट और एक बॉक्स में मकड़ियां पाई गई. हालांकि, इनमे से एक सांप और 8 गिरगिट मृत पाए गए. स्नेक कैचर छोटू ने बताया कि इनमे से एक सांप और मकड़ियों के अलावा बीटल जहरीले है. फिलहाल आरपीएफ ने वन विभाग से संपर्क कर उन्हे जानकारी दे दी है.

Advertisements
https://bashisthaonline.in
Advertisements

नागालैंड के दीमपुर से गुआहटी के रास्ते दिल्ली जा रही थी महिला

जानकारी देते हुए आरपीएफ प्रभारी एसके तिवारी ने बताया कि उन्हें खड़गपुर से सूचना मिली कि एक संदिग्ध महिला नीलांचल एक्सप्रेस के जनरल डिब्बे में सफर कर रही है. इसके बाद ट्रेन के टाटानगर स्टेशन में आते ही महिला को पकड़ लिया गया. तलाशी के दौरान उसके पास से वन्य जीव प्राणी बरामद किए गए. महिला ने पूछताछ में बताया कि नागालैंड में उसे एक व्यक्ति ने यह बैग दिल्ली पहुंचाने के लिए दिया था जिसके लिए उसे 8 हजार रूपए दिए गए थे. वह नागालैंड से ट्रेन से गुआहाटी पहुंची और फिर वहां से हावड़ा. हावड़ा से वह ट्रेन में बैठकर हिजली पहुंची और फिर वहां से नीलांचल एक्सप्रेस में बैठकर दिल्ली जा रही थी. इस बीच वह व्यक्ति के संपर्क में थी. टीम ने व्यक्ति की गिरफ्तारी के लिए छापेमारी शुरू कर दी है.

See also  आधी रात हाथियों का हमला, घर तोड़कर मां-बेटी की मौत—गांव में दहशत

विदेशी बाजार में अरबों में है कीमत

आरपीएफ प्रभारी ने बताया कि जब्त प्राणियों में कोई भी देसी नहीं है. सभी विदेशी प्रजाति के है. विदेशी बाजार में इनका मूल्य अरबों में है. सिर्फ एक सांप सैंड बोआ की कीमत ही 25 करोड़ रुपए है. जबकि बोल पायथन की कीमत 25 से 40 हजार तक है. गिरगिट की कीमत 20 से 50 हजार तक है. सभी को जब्त कर वन विभाग को सूचित कर दिया गया है.

टीम में ये थे शामिल

छापेमारी दल में आरपीएफ प्रभारी एसके तिवारी, एसआई अंजुम निशा, कांस्टेबल रंजना, आनंदिता बारीक, फ्लाइंग स्क्वाड से एएसआई बलबीर प्रसाद, हेड कांस्टेबल जीके प्रभाकर, कांस्टेबल एमपी यादव, अभिषेक सिंह, शिवम सिसोदिया और सीआईबी से अजय गुप्ता.

Thanks for your Feedback!

You may have missed