तुलसी भवन में ‘सावन-मनभावन सह हुलास गौरव सम्मान’ का हुआ भव्य आयोजन



जमशेदपुर : हुलास परिवार’ द्वारा तुलसी भवन के प्रयाग कक्ष में वार्षिक सांस्कृतिक एवं साहित्यिक कार्यक्रम ‘सावन-मनभावन सह हुलास गौरव सम्मान’ का गरिमामय आयोजन रविवार, 09 अगस्त 2026 को प्रातः 11:00 बजे किया गया। कार्यक्रम में साहित्य प्रेमियों और शहर के गणमान्य प्रबुद्धजनों की उल्लेखनीय उपस्थिति रही।
प्रथम सत्र: उद्घाटन एवं सम्मान समारोह
कार्यक्रम के प्रथम सत्र का शुभारंभ मुख्य अतिथि तुलसी भवन के मानद महासचिव श्री प्रसेनजीत तिवारी एवं अन्य मंचासीन अतिथियों द्वारा दीप प्रज्वलन तथा माँ सरस्वती के चित्र पर पुष्पांजलि अर्पित कर किया गया। तत्पश्चात सुमधुर सरस्वती वंदना उपासना सिंहा द्वारा प्रस्तुत की गई।
अजय मुस्कान जी ने मुख्य अतिथि का पुष्पगुच्छ भेंट कर आत्मीय स्वागत किया, जिसके बाद अध्यक्ष श्यामल सुमन जी ने अपने स्वागत भाषण से सत्र का औपचारिक प्रारंभ किया।
सत्र के मुख्य आकर्षण के रूप में मंच संचालक द्वारा ‘हुलास सम्मान’ की घोषणा की गई। इस वर्ष साहित्य में उत्कृष्ट योगदान हेतु विजय नारायण सिंह “बेरुका” जी को ‘हुलास गौरव सम्मान’ से विभूषित किया गया। संध्या जी द्वारा मानपत्र (प्रशस्ति पत्र) का सस्वर वाचन किया गया, जिसके उपरांत जय प्रकाश पांडेय जी द्वारा उन्हें सम्मानित किया गया। सम्मान प्राप्त करने के पश्चात विजय जी ने अभिभूत होकर अपने मन के उद्गार व्यक्त किए।
अपने मुख्य अतिथि वक्तव्य में श्री प्रसेनजीत तिवारी जी ने हुलास परिवार के इस साहित्यिक प्रयास की भूरी-भूरी प्रशंसा करते हुए कहा कि ऐसे आयोजन समाज में सांस्कृतिक चेतना और साहित्य के प्रति अनुराग बनाए रखने में मील का पत्थर साबित होते हैं।
द्वितीय सत्र: ‘सावन-मनभावन’ कवि सम्मेलन
द्वितीय सत्र में प्रसिद्ध कवि सम्मेलन का आयोजन हुआ। सत्र की शुरुआत चावला सर ने ‘सावन-मनभावन’ विषय पर प्रकाश डालते हुए की।
कवि सम्मेलन में शहर के सुप्रसिद्ध कवियों और कवयित्रियों ने अपनी सरस एवं भावपूर्ण रचनाओं से समां बाँध दिया। इस अवसर पर श्यामल सुमन, हरकिशन ‘चावला’, विजय ‘बेरुका’, डॉ. संध्या सिन्हा, दीपक वर्मा, रजनी, अजय मुस्कान, नवीन अग्रवाल एवं बसंत जमशेदपुरी, सी. पी. सिंह, बाल मुकुट चौधरी, नीलम्बर चौधरी, अलोक तिवारी, हरिहर राय चौहान, बिनोद बेगाना, शिवनन्दन सिंह, सुदीप्ता जेठी राउत, सुस्मिता मिश्रा, उपासना सिंहा, साधना सिंह, वीणा कुमारी, प्रणती शरण, कुमार मनीष, उषा किरण चावला, रूपम वर्मा ने अपनी बेहतरीन कविताओं का पाठ किया।
उपस्थित श्रोताओं ने कवियों की सावन पर आधारित एवं विविध भावों की कविताओं का जमकर आनंद लिया, जिससे पूरा हॉल तालियों की गड़गड़ाहट से गूंज उठा। अंत में कार्यक्रम का समापन रजनी एवं दीपक वर्मा द्वारा प्रस्तुत धन्यवाद ज्ञापन के साथ हुआ।




