एलपीजी की किल्लत से शहर के कई होटल और रेस्टोरेंट बंद होने की कगार पर


Saraikela: खाड़ी देशों में चल रहे ईरान-इजराइल युद्ध का असर अब जमशेदपुर और आदित्यपुर में भी दिखने लगा है. शहर में कमर्शियल एलपीजी गैस सिलेंडरों की किल्लत शुरू हो गई है, जिससे होटल, ढाबा और रेस्टोरेंट संचालक परेशान हैं. इसके साथ ही औद्योगिक क्षेत्र की कंपनियों में भी एलपीजी सिलेंडर की आपूर्ति नहीं होने से उत्पादन प्रभावित हो रहा है. कई कारोबारियों का कहना है कि गैस एजेंसियां उनके फोन तक नहीं उठा रही हैं, जिससे स्थिति को लेकर उहापोह बना हुआ है. व्यावसायिक प्रतिष्ठानों का कहना है कि यदि एक-दो दिन तक यही स्थिति बनी रही तो शहर के कई होटल और रेस्टोरेंट बंद होने की कगार पर पहुंच सकते हैं. आमतौर पर होटलों और छोटे रेस्टोरेंट में रोजाना एक से दो कमर्शियल सिलेंडरों की खपत होती है. गैस की आपूर्ति बाधित होने से उनके कामकाज पर सीधा असर पड़ रहा है. इधर घरेलू एलपीजी सिलेंडरों की स्थिति भी सामान्य नहीं है. फिलहाल घरेलू गैस सिलेंडर के लिए करीब आठ दिन का वेटिंग चल रहा है. हालांकि इंडियन ऑयल की ओर से बताया गया है कि घरेलू उपभोक्ताओं को गैस आपूर्ति में किसी प्रकार की बड़ी परेशानी नहीं होने दी जाएगी. कंपनी के अनुसार प्राथमिकता के आधार पर घरेलू उपभोक्ताओं को नियमानुसार गैस उपलब्ध कराई जा रही है. नियमों के अनुसार घरेलू उपभोक्ताओं को 25 दिन बाद ही अगला एलपीजी सिलेंडर मिल सकता है. फिलहाल कंपनियों ने व्यावसायिक प्रतिष्ठानों और कंपनियों की आपूर्ति पर अस्थायी रोक लगा दी है. अधिकारियों का कहना है कि लोगों को घबराने की जरूरत नहीं है, जल्द ही इस स्थिति पर निर्णय लिया जाएगा.
* पाइपलाइन गैस उपभोक्ताओं को राहत-
जिन व्यावसायिक प्रतिष्ठानों में गेल (GAIL) की पाइपलाइन से गैस की आपूर्ति होती है, वहां फिलहाल कोई समस्या नहीं है. परेशानी सिर्फ उन्हीं दुकानों और होटलों को हो रही है जो कमर्शियल एलपीजी सिलेंडरों पर निर्भर हैं. इस बीच कई व्यापारियों ने एलपीजी सिलेंडरों की संभावित कालाबाजारी रोकने की मांग भी उठाई है.




