साकची बाजार में अवैध फुटपाथी दुकानों पर हुई कारवाई की सिंहभूम चैम्बर ने की सराहना,

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जमशेदपुर : सिंहभूम चैम्बर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्री के उपाध्यक्ष अभिषेक अग्रवाल गोल्डी ने विगत दिनों साकची में अवैध फुटपाथी दुकानें लगाने पर रोक के निर्णय का स्वागत करते हुए इसके लिए जिला प्रशासन और जेएनएसी का आभार जताया है. उन्होंने कहा कि अतिक्रमण की वजह से मार्ग इतना संकीर्ण हो गया है कि हर वक्त जाम की स्थिति बनी रहती है.पुलिस तैनाती के बाद कई फुटपाथी दुकानदार दुकान लगाने पहुंचे, लेकिन पुलिस कर्मियों ने सभी को वहां से लौटा दिया। पुलिस का कहना है कि किसी भी तरह की अनहोनी से बचने और कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए यह कदम उठाया गया है।

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फुटपाथ दुकानें नहीं लगने से साकची बाजार में भीड़ कम हो गई है और आवागमन सुचारू रूप से चल रहा है। हालांकि, इसका सीधा असर फुटपाथ दुकानदारों की रोजी-रोटी पर पड़ा है। कई ग्राहक रोजमर्रा की खरीदारी के लिए बाजार आए लेकिन दुकानें बंद देखकर वापस लौट गए।बताया जा रहा है कि कुछ दिन पहले झंडा चौक पर दुकान लगाने को लेकर फुटपाथ दुकानदारों और सैरात दुकानदारों के बीच विवाद हुआ था। जगह को लेकर हुए इस विवाद ने मारपीट का रूप ले लिया था। मामला थाने तक पहुंचा, जहां पुलिस ने दोनों पक्षों को समझा-बुझाकर शांत कराया था, लेकिन इसके बावजूद विवाद थम नहीं सका।दुकानदारों के बीच हुए झगड़े की शिकायत आला प्रशासनिक अधिकारियों तक की गई थी। इसके बाद ही यह फैसला लिया गया कि साकची बाजार में फुटपाथ दुकानों पर रोक लगाई जाए। साकची थाना पुलिस को मौके पर तैनात कर आदेश का सख्ती से पालन कराया जा रहा है।साकची एक सैरात बाजार है, जहां सरकारी दुकानें किराए पर दी गई हैं। सैराती दुकानदार लंबे समय से फुटपाथ दुकानों का विरोध करते रहे हैं। उनका कहना है कि फुटपाथ दुकानों के कारण पक्की दुकानों के कारोबार पर असर पड़ता है। सस्ता सामान मिलने के कारण ग्राहक फुटपाथ दुकानों से अधिक खरीदारी करते हैं, जिससे उन्हें नुकसान होता है।जमशेदपुर शिक्षित बेरोजगार मंगला हाट दुकानदार संघ के अध्यक्ष शाही आदिल ने कहा है कि जैसे ही दुकानदार आपसी विवाद सुलझा लेंगे और स्थिति सामान्य होगी, फुटपाथ बाजार को फिर से लगाने पर विचार किया जाएगा। फिलहाल शांति और सुरक्षा को प्राथमिकता दी जा रही है।

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