100 आदिवासी विद्यार्थियों को मिलेगी जेपीएससी की निःशुल्क कोचिंग, रहने और खाने की भी सुविधा

रांची : झारखंड सरकार अनुसूचित जनजाति वर्ग के 100 विद्यार्थियों को झारखंड लोक सेवा आयोग (जेपीएससी) की सिविल सेवा परीक्षा की निःशुल्क तैयारी करायेगी। इसके लिए अनुसूचित जनजाति, अनुसूचित जाति, अल्पसंख्यक एवं पिछड़ा वर्ग कल्याण विभाग ने पहल शुरू की है। योजना के तहत राज्य के विभिन्न जिलों से विद्यार्थियों का चयन किया जायेगा। चयनित अभ्यर्थियों को कोचिंग के साथ रहने और खाने की सुविधा भी उपलब्ध करायी जायेगी। इससे आर्थिक कारणों से निजी कोचिंग नहीं कर पाने वाले विद्यार्थियों को प्रतियोगी परीक्षा की तैयारी करने का अवसर मिलेगा।


कोचिंग का संचालन रांची के करमटोली चौक स्थित भवन में किया जायेगा, जिसका निर्माण अंतिम चरण में है। विद्यार्थियों के लिए छात्रावास निर्माण का कार्य पूरा हो चुका है। गुणवत्तापूर्ण पढ़ाई सुनिश्चित करने के लिए कोचिंग संचालन की जिम्मेदारी राष्ट्रीय स्तर के किसी संस्थान को सौंपी जायेगी। भवन निर्माण पूरा होने के बाद संबंधित संस्थान के चयन सहित अन्य प्रक्रियाएं शुरू होंगी। अभ्यर्थियों का चयन प्रवेश परीक्षा के आधार पर किया जा सकता है। स्नातक पास विद्यार्थी इस परीक्षा में शामिल हो सकेंगे। विभाग की योजना विद्यार्थियों को विशेषज्ञों के मार्गदर्शन में बेहतर शैक्षणिक वातावरण उपलब्ध कराने की है।
विभागीय स्तर पर योजना को लागू करने की तैयारियां चल रही हैं। सरकार का लक्ष्य वर्ष 2027 अप्रैल तक कोचिंग शुरू करना है। मंत्री के अनुसार, छात्रावास का निर्माण पूरा हो गया है, जबकि कक्षाओं के संचालन के लिए भवन निर्माण जारी है। कोचिंग की जिम्मेदारी राष्ट्रीय स्तर के संस्थान को दी जायेगी। इस पहल से राज्य के अलग-अलग जिलों के अनुसूचित जनजाति वर्ग के विद्यार्थियों को राजधानी में रहकर जेपीएससी सिविल सेवा परीक्षा की तैयारी करने की सुविधा मिलेगी।


