आदित्यपुर में दो दिवसीय एमएसएमई डिफेंस कॉन्क्लेव, रक्षा राज्यमंत्री संजय सेठ होंगे शामिल

0
Advertisements
Advertisements

Saraikela : केंद्र सरकार के ‘आत्मनिर्भर भारत‘ अभियान को नई गति देने और कोल्हान के औद्योगिक कौशल को देश की सीमाओं की सुरक्षा से जोड़ने के लिए सरायकेला ज़िले के आदित्यपुर ऑटो क्लस्टर में आगामी 16 और 17 जनवरी 2026 को दो दिवसीय ‘एमएसएमई डिफेंस कॉन्क्लेव’ का आयोजन होने जा रहा है.
आदित्यपुर औद्योगिक क्षेत्र के इतिहास में पहली बार आयोजित हो रहे इस राज्य स्तरीय रक्षा सम्मेलन का मुख्य उद्देश्य स्थानीय सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्योगों को रक्षा निर्माण के विशाल अवसरों से परिचित कराना है. इस कॉन्क्लेव की जानकारी आयोजित प्रेस वार्ता में आदित्यपुर स्माल इंडस्ट्रीज़ एसोसिएशन के अध्यक्ष इंदर अग्रवाल सिंहभूम चैम्बर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्री के अध्यक्ष मानव केडिया और लघु उद्योग भारती के ज़िला अध्यक्ष विनोद कुमार शर्मा ने संयुक्त रूप से दी. इस महत्वपूर्ण कार्यक्रम का आयोजन भारत चैम्बर ऑफ कॉमर्स (नोडल एजेंसी) के नेतृत्व में किया जा रहा है. इसमें देश की प्रमुख रक्षा इकाइयां जैसे म्यूनिसन्स इंडिया लिमिटेड, हिंदुस्तान एयरोनॉटिक्स लिमिटेड (HAL), गार्डन रीच शिपबिल्डर्स भारत इलेक्ट्रॉनिक्स लिमिटेड और बीईएमएल सहयोगी के रूप में शिरकत करेंगी. कॉन्क्लेव का विधिवत उद्घाटन 16 जनवरी को मुख्य अतिथि रक्षा राज्यमंत्री संजय सेठ करेंगे. कार्यक्रम की गरिमा बढ़ाने के लिए पूर्व एयर चीफ मार्शल अरूप राहा और रक्षा मंत्रालय के कई उच्चाधिकारी विशिष्ट अतिथि के रूप में उपस्थित रहेंगे. उद्घाटन समारोह में ‘आर्मी बैंड’ की गूंज इस आयोजन को और भी गौरवशाली बनाएगी.

Advertisements
https://bashisthaonline.in
Advertisements

* ​स्थानीय उद्यमियों के लिए स्वर्ण अवसर-

आयोजकों के अनुसार, वर्तमान में देशभर की लगभग 17,000 MSME इकाइयाँ रक्षा क्षेत्र को अपनी सेवाएँ दे रही हैं, परंतु झारखंड और जमशेदपुर की भागीदारी अब तक बहुत कम रही है. एसिया के अध्यक्ष इंदर कुमार अग्रवाल और सिंहभूम चैम्बर के अध्यक्ष मानव केडिया ने बताया कि यह सम्मेलन कोल्हान के उन उद्योगों के लिए नए द्वार खोलेगा जो अब तक केवल ऑटोमोबाइल और रेलवे क्षेत्र तक सीमित थे.
सम्मेलन के दौरान 60 से अधिक स्टॉल लगाए जाएंगे, जहाँ उद्यमी रक्षा क्षेत्र की जरूरतों को करीब से देख सकेंगे. इसके अलावा बी2बी मीटिंग्स, तकनीकी सेमिनार और कार्यशालाएं आयोजित की जाएंगी. विशेषज्ञों की टीम उद्यमियों को योजनाओं के बारे में विस्तार से जानकारी देगी, ताकि स्थानीय नवाचार को वैश्विक पहचान मिल सके.​एसिया के महासचिव प्रवीण गुटगुटिया और लघु उद्योग भारती के अध्यक्ष बिनोद शर्मा ने विश्वास जताया कि यह पहल झारखंड के औद्योगिक परिदृश्य को पूरी तरह बदल देगी और राज्य को रक्षा आपूर्ति श्रृंखला का एक प्रमुख केंद्र बनाएगी. इस मौके पर महासचिव दशरथ उपाध्याय, एशिया के कोषाध्यक्ष राजकुमार संघी, पूर्व कोषाध्यक्ष रतनलाल अग्रवाल, पूर्व उपाध्यक्ष राजीव रंजन मुन्ना, पिंकेश माहेश्वरी, प्रदीप जैन, स्वपन मजूमदार उपस्थित थे.महासचिव दशरथ उपाध्याय, एशिया के कोषाध्यक्ष राजकुमार संघी, पूर्व कोषाध्यक्ष रतनलाल अग्रवाल, पूर्व उपाध्यक्ष राजीव रंजन मुन्ना, पिंकेश माहेश्वरी, प्रदीप जैन, स्वपन मजूमदार उपस्थित थे.

Advertisements

Thanks for your Feedback!

You may have missed