‘श्रीनाथ शंखनाद’ में श्रीवाणी मैगज़ीन के वार्षिक संस्करण का हुआ विमोचन

0
Advertisements
Advertisements

जमशेदपुर :- श्रीनाथ विश्वविद्यालय की प्रतिष्ठित कैंपस मैगज़ीन ‘श्रीवाणी’ का वार्षिक संस्करण शुक्रवार को भव्य रूप से विमोचित किया गया। एक्सएलआरआई कैंपस स्थित टाटा ऑडिटोरियम में आयोजित ‘शंखनाद 2025’ कार्यक्रम के मंच पर इसका लोकार्पण मुख्य अतिथि वरीय पुलिस अधीक्षक (पूर्वी सिंहभूम) श्री पीयूष पांडेय ने मौजूद अन्य विशेष अतिथियों के साथ किया।

Advertisements
https://bashisthaonline.in
Advertisements

इस गरिमामय अवसर पर विशेष अथिति के रूप में झारखंड औद्योगिक क्षेत्र विकास प्राधिकरण के उप क्षेत्रीय निदेशक (जे.ए.एस.) श्री दिनेश कुमार रंजन, जेसीएपीसीपीएल के प्रबंध निदेशक श्री अभिजीत अविनाश ननोटी, रामकृष्ण फोर्जिंग्स लिमिटेड के मुख्य परिचालन अधिकारी श्री शक्ति प्रसाद सेनापति, क्रॉस लिमिटेड के मानव संसाधन प्रमुख श्री रमाकांत गिरि, टाटा कमिंस के महाप्रबंधक (सप्लाई चेन) श्री फणिंद्र भूषण मिश्र, एक्सएलआरआई के प्रोफेसर डॉ. त्रिलोचन त्रिपाठी तथा झारखंड राज्य फार्मेसी परिषद के सदस्य श्री धर्मेंद्र सिंह सहित अनेक गणमान्य अतिथि उपस्थित रहे।

विश्वविद्यालय परिवार से कुलाधिपति श्री सुखदेव महतो, कुलपति प्रो. (डॉ.) एस. एन. सिंह, संध्या शंभू ट्रस्ट के संस्थापक श्री शंभू महतो एवं श्रीमती संध्या महतो भी अतिथि के रूप में इस विशेष अवसर के साक्षी बने।

इस वर्ष के ‘श्रीवाणी’ संस्करण के प्रधान संपादक श्री कौशिक मिश्रा हैं, जिन्होंने पूरे वर्ष की गतिविधियों को समेटते हुए इसे समृद्ध सामग्री और आकर्षक प्रस्तुति से सजाया है। मैगज़ीन समिति की प्रमुख एवं अंग्रेजी विभाग की सहायक प्राध्यापिका श्रीमती शिबानी गोराई ने बताया कि इस अंक में कुलाधिपति श्री सुखदेव महतो का विशेष संदेश प्रकाशित हुआ है, जबकि ‘शिक्षागारा’ शीर्षक के अंतर्गत इस बार अंग्रेजी विभाग की उपलब्धियों और गतिविधियों पर विशेष फोकस किया गया है।

See also  फाउंडर्स डे के बाद सफाई और हटाने का काम जारी: 8 मार्च तक बंद रहेंगे जुबली पार्क के मुख्य गेट

मैगज़ीन का एक प्रमुख आकर्षण राष्ट्रीय पुरस्कार प्राप्त एवं पूर्वी भारत के ख्यातिप्राप्त फिल्म निर्देशक निरंजन कुमार कुजूर का विशेष साक्षात्कार है। इसमें उन्होंने न केवल फिल्मों के बदलते स्वरूप पर चर्चा की, बल्कि झारखंड में सिनेमा के विकास और युवाओं की बढ़ती भागीदारी पर भी अपने विचार साझा किए हैं।

समिति की प्रमुख शिबानी गोराई ने सभी सदस्यों के परिश्रम की सराहना करते हुए कहा कि यह अब तक का सबसे वृहद और बहुआयामी संस्करण है। समिति के सदस्यों में असिस्टेंट प्रोफेसर शालिनी ओझा, अमिता रानी महतो, आराधना कुमारी, नर्मदेश चंद्र पाठक, अमित मिश्रा, संजय भारती, शुभदीप भद्रा, पार्था बनर्जी, अविनाश कुमार और सनी कुमार शामिल हैं।

Advertisements

Thanks for your Feedback!

You may have missed