जमशेदपुर में स्कूल वैन चालकों की हड़ताल जारी, हजारों छात्रों की पढ़ाई और परिवहन प्रभावित

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जमशेदपुर : जमशेदपुर में सोमवार से स्कूल वैन चालकों की अनिश्चितकालीन हड़ताल लगातार दूसरे दिन भी जारी रही, जिससे शहर की स्कूल परिवहन व्यवस्था पूरी तरह प्रभावित हो गई है। हड़ताल के असर से हजारों छात्रों को स्कूल आने-जाने में भारी कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है।

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“जमशेदपुर स्कूली वाहन सेवा संचालक समिति” के नेतृत्व में जारी इस आंदोलन के कारण सोमवार और मंगलवार दोनों दिन सड़कों पर स्कूली वैन नदारद रहीं, जिसका सीधा असर छात्रों और उनके अभिभावकों पर देखा गया। कई प्रमुख क्षेत्रों—जैसे साकची, बिष्टुपुर, टेल्को और गोलमुरी—में सुबह और दोपहर के समय अफरा-तफरी का माहौल रहा।

हड़ताल के चलते वैन नहीं चलने से अभिभावकों को अपने बच्चों को खुद ही स्कूल छोड़ने और लेने जाना पड़ा। कई लोग पैदल या निजी वाहन से बच्चों को ले जाते दिखे, जबकि जिनके पास निजी वाहन नहीं था, उन्हें ऑटो-रिक्शा के लिए लंबे समय तक इंतजार करना पड़ा या अधिक किराया देना पड़ा।

चालकों द्वारा यह हड़ताल उस घटना के विरोध में शुरू की गई है जिसमें बिरसानगर थाना क्षेत्र के एक प्रतिष्ठित स्कूल की पांच वर्षीय छात्रा के साथ कथित दुष्कर्म मामले में एक वैन चालक मन्नू पांडे की गिरफ्तारी हुई थी। वैन चालकों का कहना है कि यह गिरफ्तारी बिना निष्पक्ष जांच और मेडिकल रिपोर्ट के की गई है, और इसलिए वे काम पर वापस नहीं लौटेंगे।

हालांकि कुछ इलाकों—जैसे साकची और बिष्टुपुर—में वैन चालकों ने अंततः बच्चों को स्कूल पहुंचाना शुरू कर दिया, हड़ताल का असर कुछ कम दिखा, वहीं टेल्को क्षेत्र में विरोध का स्वर अभी भी तेज रहा।

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अभिभावकों ने इस स्थिति पर रोष व्यक्त करते हुए कहा है कि स्कूल सत्र के बीच इस तरह की हड़ताल से बच्चों की सुरक्षा और शिक्षा दोनों प्रभावित हो रहे हैं। प्रशासन और वैन संचालक समिति के बीच अभी तक कोई ठोस समझौता नहीं हुआ है, जिससे बुधवार को भी स्थिति सामान्य होने की संभावना कम लग रही है।

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