ममता बनर्जी ने चुनाव आयोग को भेजा दूसरा पत्र, दो गंभीर निर्णयों पर जताई कड़ी आपत्ति

0
Advertisements
Advertisements

पश्चिम बंगाल: पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने चुनाव आयोग को दूसरा पत्र भेजकर दो अहम निर्णयों पर गंभीर सवाल उठाए हैं। उन्होंने इसे अत्यंत चिंताजनक बताते हुए तत्काल हस्तक्षेप की मांग की है।

पहला मुद्दा राज्य में डेटा प्रविष्टि कर्मियों और सॉफ्टवेयर संबंधित कर्मचारियों को एक बाहरी एजेंसी के माध्यम से एक वर्ष के लिए नियुक्त करने से जुड़ा है। मुख्यमंत्री ने कहा है कि जब सरकारी कार्यालयों में पहले से पर्याप्त कर्मचारी उपलब्ध हैं, तो बाहरी एजेंसी की आवश्यकता क्यों पड़ रही है। उन्होंने आशंका जताई है कि इससे चुनाव प्रक्रिया की पारदर्शिता प्रभावित हो सकती है।

दूसरा मुद्दा निजी आवासीय परिसरों के भीतर मतदान केंद्र बनाने के प्रस्ताव से जुड़ा है। ममता बनर्जी का कहना है कि ऐसे परिसरों में मतदान केंद्र बनाना समानता और निष्पक्षता के सिद्धांतों के खिलाफ है। इससे आम मतदाताओं और विशेष समूहों के बीच अनावश्यक भेदभाव की स्थिति पैदा हो सकती है।

मुख्यमंत्री ने अपने पत्र में यह भी पूछा है कि क्या यह सब किसी राजनीतिक दल के प्रभाव में किया जा रहा है। उन्होंने चुनाव आयोग से निवेदन किया है कि वह इन प्रस्तावों पर पुनर्विचार करे और चुनाव प्रक्रिया की निष्पक्षता बनाए रखने के लिए आवश्यक कदम उठाए।

इन दोनों मुद्दों को लेकर राज्य में राजनीतिक बहस भी तेज हो गई है। कई राजनीतिक दलों ने भी इन निर्णयों पर अपनी प्रतिक्रिया देना शुरू कर दी है, जिससे माहौल और अधिक गर्म हो गया है।

Advertisements
https://bashisthaonline.in
Advertisements
Advertisements

Thanks for your Feedback!

You may have missed