मनरेगा के मुद्दे पर विधानसभा का घेराव करेगी कांग्रेस,


उत्तर प्रदेश: उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ में आज कांग्रेस की ओर से विधानसभा घेराव का कार्यक्रम रखा गया है. पार्टी ने पहले ही ऐलान कर दिया था कि वह मनरेगा मजदूरों के मुद्दे पर सड़क से सदन तक आवाज उठाएगी. सुबह से ही शहर में हलचल तेज है और कांग्रेस कार्यकर्ता अलग-अलग इलाकों से जुटने लगे हैं.घेराव से पहले ही पुलिस ने सख्ती दिखानी शुरू कर दी. कई कांग्रेस नेताओं को हाउस अरेस्ट किए जाने की खबर है. पार्टी का आरोप है कि सरकार आंदोलन को दबाने की कोशिश कर रही है. दूसरी ओर प्रशासन का कहना है कि कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए एहतियाती कदम उठाए गए हैं.कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष अजय राय सुबह पार्टी कार्यालय पहुंचे. यहां से वे कार्यकर्ताओं के साथ आगे की रणनीति पर चर्चा कर रहे हैं. पार्टी नेताओं का कहना है कि वे शांतिपूर्ण तरीके से अपना विरोध दर्ज कराएंगे.अजय राय ने कहा, “विधानसभा का यह घेराव मनरेगा मजदूरों को उनका भुगतान न मिलने के मुद्दे पर है. यह मनरेगा के मूल उद्देश्य को नष्ट किए जाने के खिलाफ है, जिसे महात्मा गांधी के नाम पर लागू किया गया था और जो पहले गरीब लोगों को काम उपलब्ध कराता था. गरीबों को यह भरोसा था कि उन्हें 100 दिनों का रोजगार मिलेगा और वे अपने परिवार और घर का भरण-पोषण कर सकेंगे.”

उन्होंने आगे कहा, “वर्तमान की जो यह मोदी सरकार है, पूरी तरीके से इस कानून को खत्म कर रही है. मनरेगा मजदूरों की मजदूरी 11-12 महीने से रोक रखी हुई है. सोचिए आप बड़ी-बड़ी बात करने वाले, देश बदल रहा है, देश बदल गया, ये वो झूठी बात करके गरीब आदमी जो सबसे, सबसे कमजोर गरीब आदमी है, उसको आप उसकी मजदूरी रोक रखे हैं. सोचिए किस तरीके से, कैसे अपना परिवार चलाते होंगे? कितने गरीब लोग हैं, रोज कुआं खोदो, रोज पानी पीने वाले लोग हैं, उनको आप पैसा नहीं दिए तो वो आज सारी चीजों को लेते हैं.”



