शिव काली मंदिर का 15वां स्थापना दिवस पर आयोजित श्रीराम कथा सह शतचंडी महायज्ञ के लिए धूमधाम से निकली कलश यात्रा, 15 से 23 जनवरी तक वाराणसी से आईं महिला कथा वाचक मंदाकिनी मां सुनाएंगी रामकथा

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Adityapur :  शिव काली मंदिर का 15वां स्थापना दिवस पर आयोजित श्रीराम कथा सह शतचंडी महायज्ञ को लेकर आज धूमधाम से कलश यात्रा निकाली गई. बता दें कि इस बार 15 से 23 जनवरी तक रामकथा सह सत चंडी महायज्ञ आयोजित होगा. इस रामकथा में वाराणसी की महिला कथा वाचक मंदाकिनी मां रामकथा के साथ शत चंडी पाठ सुनाएंगी. बता दें कि न्यू हाउसिंग कॉलोनी, आदित्यपुर-1, सरायकेला खरसावां में कलश रूपी शिव-काली मंदिर की नींव 2010 में रखी गई थी. 2011 से विधिवत प्राण प्रतिष्ठा के साथ स्थापना दिवस मनाया जा रहा है जो आज तक सिलसिले वार हर वर्ष आयोजित होता आ रहा है. आज इसी श्रीराम कथा को लेकर भव्य कलश यात्रा निकाली गई. जिसमें सैंकड़ों की संख्या में महिलाओं ने हिस्सा लिया. आज कलश यात्रा सह नगर भ्रमण के उपरांत कल 16 जनवरी से श्रीराम कथा का आयोजन नित्य प्रति सायंकाल
तीन बजे से प्रारम्भ होगा जो निरंतर 23 जनवरी तक चलेगा. जबकि शत चंडी महायज्ञ हर दिन प्रातः नौ बजे से आयोजित होगा. इस आयोजन में मंदिर समिति के पदाधिकारी के साथ-साथ समाज के अन्य गणमान्य लोग शामिल हैं. जिसमें एके श्रीवास्तव, आरएन प्रसाद, वीरेंद्र कुमार यादव, केडी सिंह, रविन्द्र नाथ चौबे, हरेन्द्र तिवारी, प्रकाश मेहता, जवाहर लाल सिंह उर्फ मामा जी, रजनीकांत जायसवाल और सूरज भदानी, समिति के अध्यक्ष उपेन्द्र ठाकुर, महामंत्री मनोज तिवारी तथा कैलाश पाठक, एस० वेणुगोपाल, जतन कुमार, प्रमोद सिंह, मनोज आगीवाल, नीतू शर्मा, उमेश कुमार दुबे, अनिल प्रसाद, मीना सिंह, संध्या प्रधान, सत्यम भारद्वाज, मंदिर के पुजारी चंद्रभान पंडित आदि संचालन कमेटी में सक्रिय रूप से शामिल हैं. बता दें कि मंदिर समिति के सदस्यों ने समिति को संवैधानिक रूप देते हुए विधिवत ट्रस्ट का गठन कर लिया है. मंदिर की विशेषता यह है कि यहां सालोंभर अमावस्या के मौके पर मां काली की आराधना के साथ काली पूजा और दुर्गा पूजा का आयोजन होता है.

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